
Dhar News: धार नगर पालिका परिषद (Dhar Nagar Palika Parishad) में बीजेपी (BJP) की आपसी खींचतान से कर्मचारियों के साथ-साथ आम जनता परेशान हो रही है. सफाई कर्मचारियों के समर्थन में 25 मार्च को सड़कों पर उतरे BJP पार्षद राजबाड़ा से आनंद चौपाटी तक साफ-सफाई की. इसके बाद आनंद चौपाटी पर विधायक समर्थक BJP पार्षदों ने नारेबाजी करते हुए कर्मचारियों को वेतन दिए जाने की मांग की. बताया जा रहा है कि धार नगर पालिका इन दिनों आर्थिक संकट के दौर से गुजर रही है. महीनों से कर्मचारियों को वेतन नहीं मिला है. वेतन को लेकर सफाई कर्मचारियों ने नगर पालिका कार्यालय में धरना प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की थी.
कर्मचारियों की हड़ताल
वहीं विरोध प्रदर्शन के बाद सफाई कर्मचारियों ने वेतन की मांग को लेकर हड़ताल आरंभ कर दी है, जिसके परिणाम स्वरूप शहर के अधिकांश स्थानों पर कचरों का ढेर दिखाई दे रहा है. साफ सफाई नहीं होने से गंदगी का अंबार लगा हुआ है. ऐसे में सवाल यह उठ रहा है कि आखिरकार धार कैसे बनेगा स्वच्छता में नंबर वन?
पार्षदों का आरोप है कि धार में अंधेर नगरी चौपट राजा वाला हाल बना हुआ है. नगर पालिका में कोई सुनने वाला और देखने वाला नहीं है. जनता परेशान हो रही है. हम जनता एवं नगर पालिका के कर्मचारियों के साथ हमेशा खड़े रहे हैं, खड़े रहेंगे.
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वेतन का मामला जनसुनवाई में पहुंचा
धार नगर पालिका परिषद पर BJP का कब्जा है, लेकिन यहां BJP की गुटबाजी ने नगर पालिका को नरक पालिका में तब्दील कर दिया है. सफाई कर्मचारियों को पिछले चार-पांच माह से वेतन नहीं मिला है, इसके अलावा आउटसोर्स कर्मचारी 1 साल से बिना वेतन के कार्य कर रहे हैं. स्थाई कर्मचारियों का भी कमोबेश यही हाल है.
नगर पालिका में कर्मचारियों के वेतन को लेकर प्रति मंगलवार को होने वाली जनसुनवाई में 25 मार्च को वार्ड क्रमांक 18 के पार्षद प्रतिनिधि अजय सिंह ठाकुर एडवोकेट के नेतृत्व में नगर पालिका कर्मचारियों का प्रतिनिधिमंडल पहुंचा. जहां कलेक्टर प्रियंक मिश्रा को आवेदन देकर वर्षों से रुका वेतन दिलाए जाने की मांग की है.