Baglamukhi Temple Agar Malwa Madhya Pradesh: मध्य प्रदेश के आगर मालवा जिले के प्रसिद्ध माँ बगलामुखी मंदिर से जुड़ा एक बड़ा प्रशासनिक विवाद सामने आया है. सुसनेर एसडीएम सर्वेश यादव के विरोध में मंदिर के पंडितों ने अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू कर दिया. पंडितों ने हवन-अनुष्ठान बंद कर मंदिर परिसर में ही धरना देते हुए एसडीएम पर अभद्र भाषा और मनमानी का आरोप लगाया है.
एसडीएम सर्वेश यादव का पंडितों ने घेराव किया
नलखेड़ा स्थित मां बगलामुखी मंदिर में उस वक्त तनाव की स्थिति बन गई, जब प्रदर्शन के दौरान मंदिर पहुंचे एसडीएम सर्वेश यादव का पंडितों ने घेराव कर जमकर नारेबाजी की. पंडितों का कहना है कि एसडीएम द्वारा अपशब्दों का प्रयोग किया गया और वर्षों से पूजा-पाठ कराने वाले करीब 200 पंडितों को हटाने की साजिश रची जा रही है, जिससे उनकी आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है.

Baglamukhi Temple Agar Malwa Madhya Pradesh
ऑडियो वायरल: आपत्तिजनक शब्दों के इस्तेमाल का आरोप
इस पूरे मामले को और गंभीर बना देने वाला एक ऑडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है, जिसमें कथित तौर पर एसडीएम द्वारा पंडितों के लिए आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया है. ऑडियो सामने आने के बाद पंडितों में भारी आक्रोश देखा गया और वे मंदिर परिसर में ही धरने पर बैठ गए.

Baglamukhi Temple Dispute Agar Malwa Madhya Pradesh
ये भी पढ़ें- सुसनेर उपचुनाव: त्रिकोणीय सियासी संग्राम, BJP आमने-सामने, कांग्रेस MLA की चुप्पी पर सवाल, किसकी साख दांव पर?
मामले के तूल पकड़ने के बाद प्रशासन हरकत में आया. अपर कलेक्टर आर.पी. वर्मा और एडिशनल एसपी रविन्द्र बोयट नलखेड़ा पहुंचे और पंडितों से चर्चा की. इसके बाद कलेक्टर के निर्देश पर बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया गया. आदेश जारी कर माँ बगलामुखी मंदिर समिति का समस्त प्रभार एसडीएम सुसनेर सर्वेश यादव से हटाकर डिप्टी कलेक्टर कमल मंडलोई को सौंप दिया गया है. फिलहाल पंडितों का आंदोलन जारी है और वे एसडीएम के खिलाफ आगे की कार्रवाई की मांग कर रहे हैं. प्रशासन की ओर से मामले की जांच की बात कही जा रही है.
ये भी पढ़ें- नर्सिंग स्टूडेंट्स का प्रदर्शन, नेशनल हाईवे पर किया चक्काजाम; कहा- 3 साल बाद भी नहीं हुई परीक्षा