
Madhya Pradesh News: मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के अनूपपुर जिले (Anuppur) की रहने वाली एक आदिवासी महिला का मकान 5 महीने पहले हाथियों ने हमला कर नष्ट कर दिया था. आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण महिला अपने घर की मरम्मत नहीं करा पाई. लेकिन हाथियों के हमले के 5 महीने के बाद भी महिला को प्रशासन की ओर से राहत राशि नहीं मिल पाई है.
हाथियों के हमले में नष्ट हो गया था मकान
दरअसल जैतहरी तहसील के अंतर्गत ग्राम पंचायत गोबरी के ठेंगरहा गांव की रहने वाली एक आदिवासी महिला का मकान कुछ महीने पहले हाथियों के हमले में क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसके बाद यह महिला पिछले पांच महीने से अपने परिवार के साथ ठेंगरहा के विद्यालय में रह रही है. इस महिला को किसी भी तरह की कोई सरकारी मदद नहीं मिल पा रही है.

इलाके में रहता है हाथियों का आतंक
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सरकार से नहीं मिली कोई मदद
सूरजकली के मकान और खेतों में हाथियों के समूह द्वारा किए गए नुकसान पर पटवारी और वन विभाग की ओर से राहत प्रकरण भी तैयार किया गया, लेकिन 5 महीने बीते जाने के बाद भी प्रशासन ने अभी तक किसी भी तरह की राहत राशि नहीं दी है.
हाथियों के इस क्षेत्र में विचरण के दौरान सैकड़ों ग्रामीणों के घर-बाड़ी, खेतों और फसलों को नुकसान पहुंचाए जाने पर शहडोल संसदीय क्षेत्र के सांसद और पुष्पराजगढ़ विधानसभा क्षेत्र के विधायक, अनूपपुर कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और वन मण्डलाधिकारी ने हाथी प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया था. ग्रामीणों की मांग पर उन्होंने जल्द ही राहत राशि दिलवाने का वादा किया था, जो अभी तक पूरा नहीं किया जा सका है.