Bidding Process for Industrial Plots: आगर-मालवा जिले में औद्योगिक विकास का नया अध्याय शुरू हो गया है. पहली बार जिले में योजनाबद्ध तरीके से विकसित किए गए औद्योगिक क्षेत्रों के लिए निवेशकों की उत्साहजनक भागीदारी सामने आई है. हाल ही में आयोजित औद्योगिक प्लॉट्स की बिडिंग प्रक्रिया में दो औद्योगिक क्षेत्रों के लिए कुल 175 निवेशकों ने रुचि दिखाई, जिससे जिले में निवेश और रोजगार के नए अवसर बनने की उम्मीद बढ़ गई है.
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औद्योगिक क्षेत्र विकसित होने पर जिले में निवेश और रोजगार का है अनुमान
गौरतलब है आगर-मालवा के दोनों औद्योगिक क्षेत्रों के पूरी तरह विकसित होने पर जिले में लगभग 550 करोड़ रुपए के निवेश और 3500 से अधिक लोगों को रोजगार मिलने का अनुमान है. इससे स्थानीय युवाओं को अपने ही जिले में रोजगार उपलब्ध होगा और बड़े शहरों की ओर पलायन में कमी आएगी. साथ ही परिवहन, होटल, खान-पान, मरम्मत एवं अन्य सेवा क्षेत्रों में भी आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी.
शहर से 5 किमी दूरी पर विकसित औद्योगिक क्षेत्र में निवेशकों ने दिखाई रूचि
रिपोर्ट के मुताबिक एमपी इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमपीआईडीसी) ने प्लॉट लेने वाले निवेशकों के लिए समय-सीमा निर्धारित की है. प्लॉट आवंटन के बाद दो वर्ष के भीतर उद्योग स्थापना का कार्य प्रारंभ करना अनिवार्य होगा. शहर से लगभग 5 किलोमीटर दूरी पर विकसित किए गए औद्योगिक क्षेत्रों से निवेशकों को परिवहन और आवागमन की सुविधा मिलेगी, जिससे उद्योग संचालन में लागत कम होगी.
तेजी से एक उभरते औद्योगिक केंद्र के रूप में पहचान बना रहा है आगर मालवा
उल्लेखनीय है एमपीआईडीसी का लक्ष्य प्रदेश के प्रत्येक जिले को औद्योगिक रूप से विकसित कर स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराना है. सरकार द्वारा उद्योग स्थापना प्रक्रिया को सरल बनाते हुए निवेशकों को प्रोत्साहन और आवश्यक आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. कार्यकारी संचालक राजेश राठौड़ ने कहा कि आगर मालवा तेजी से एक उभरते औद्योगिक केंद्र के रूप में अपनी पहचान बना रहा है.
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