मध्य प्रदेश में मानसून पूरी तरह से सक्रिय हो गया है. मौसम विभाग ने शनिवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मूसलाधार बारिश की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है. 19 जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी दी गई है. मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक बड़वानी और खंडवा जिलों में सबसे ज्यादा असर देखने को मिल सकता है, जहां करीब 8 इंच तक भारी बारिश होने का अनुमान है.
9 जिलों में ऑरेंज अलर्ट
मध्य प्रदेश के इंदौर-भोपाल,रतलाम, उज्जैन, झाबुआ और धार समेत कई हिस्सों में ऑरेंज अलर्ट यानी अति भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. मौसम विभाग ने इन इलाकों में प्रशासन को भी मुस्तैद रहने को कहा गया है.
भारी बारिश का अलर्ट: इंदौर, सीहोर और नर्मदापुरम सहित कई अन्य जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है.

यहां गरज-चमक के साथ बौछारें
राजधानी भोपाल, ग्वालियर और जबलपुर समेत मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश की संभावना बनी हुई है. लगातार हो रही इस बारिश के चलते सूबे के अधिकांश शहरों के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिली है.
जुलाई में आफत मचाएगा मानसून
बीते 24 घंटों के दौरान मध्य प्रदेश के 25 से अधिक जिलों में जोरदार बारिश दर्ज की गई है. इस दौरान इंदौर में सबसे ज्यादा करीब सवा दो इंच बारिश हुई, जबकि भोपाल में डेढ़ इंच पानी बरसा. आंकड़ों के मुताबिक भले ही प्रदेश में मानसून पूरी तरह एक्टिव है लेकिन अब तक सीजन की औसत बारिश से 13% कम पानी गिरा है.

जुलाई महीने में मानसून और ज्यादा मजबूत होगा. इस पूरे सीजन की कुल मानसूनी बारिश का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा अकेले इसी जुलाई महीने में दर्ज होने की संभावना है.
अगले 4 दिन के लिए सख्त चेतावनी, नदी-नालों से रहें दूर
मौसम विभाग के अनुसार अगले चार दिनों तक मध्य प्रदेश के अधिकांश जिलों में बारिश का यह सिलसिला लगातार जारी रहेगा. कई स्थानों पर भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चलने और आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है. बिगड़ते मौसम और उफनते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने आम जनता से बेहद सतर्क रहने और नदी-नालों तथा जलभराव वाले क्षेत्रों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सख्त अपील की है.