मध्य प्रदेश पुलिस महकमे के अधिकारी भले ही सट्टा के विरुद्ध लगातार कार्रवाई के निर्देश दे रहे हों, लेकिन सट्टा माफिया किस तरह यह कारोबार और नेटवर्क चला रहे हैं, इसका अंदाजा अशोकनगर और विदिशा जिले की सीमा पर बामौरीशाला गांव के आसपास खिलाए जा रहे सट्टे को देखकर लगाया जा सकता है.
जब NDTV की टीम इस गांव में पहुँची, तो खेतों पर मोटरसाइकिलों का जमावड़ा था और खेतों के अंदर सट्टे की पर्चियां काटी जा रही थीं. यहां लगातार लोगों का आना‑जाना जारी था. जब टीम ने खिलाड़ियों से बात की, तो उन्होंने इस सट्टे के कारोबार का खुलासा करते हुए कहा कि खेतों में मेला लगा है. साथ ही बामौरीशाला गांव में गली‑गली सट्टे की दुकानें हैं.
दो जिलों की सीमा की आड़ में सट्टा
खेतों पर दो जिलों की सीमा की आड़ में संचालित हो रहे इस कारोबार की जानकारी जब अशोकनगर और विदिशा के पुलिस अधिकारियों को दी गई, तो बहादुरपुर थाने की पुलिस मौके पर पहुँची. पुलिस ने यहां से 12 मोटरसाइकिलें जब्त कीं और दो व्यक्तियों को भी पकड़ा. पुलिस के पहुँचते ही सट्टा माफिया खेतों से भागते नजर आए.
इसके अलावा, पुलिस ने यहां से सट्टे की पर्चियां, त्रिपाल और ताश की गड्डी बरामद की. हालांकि इस दौरान दीपनाखेडा थाने की कोई पुलिस मौजूद नहीं थी. फिलहाल बहादुरपुर थाने में पूरे मामले में एफआईआर दर्ज की गई है.
दीपनाखेडा थाना क्षेत्र में लंबे समय से चल रहा सट्टा कारोबार
बताया जा रहा है कि विदिशा जिले के बामौरीशाला का सट्टा माफिया लंबे समय से दीपनाखेडा थाना क्षेत्र के बामौरीशाला से लगे हुए क्षेत्र में अशोकनगर और विदिशा जिले के बॉर्डर का सहारा लेकर लंबे स्तर पर सट्टा का कारोबार कर रहा है.
एसडीपीओ का बयान
एसडीपीओ मुंगावलीसनम बी. खान ने बताया कि सूचना के बाद बहादुरपुर पुलिस ने दबिश दी थी. इसके बाद मौके से कई लोग भाग गए. पुलिस ने 12 मोटरसाइकिलें जब्त की हैं और दो लोगों को पकड़ा है. अभी गाड़ियों के मालिकों की जानकारी पीओएस से पता की जा रही है और उसके बाद एफआईआर दर्ज करके जांच की जाएगी.