Jabalpur News: जबलपुर की जिला न्यायालय परिसर में फटका जैसा छोटा बम फोड़कर दहशत फैलाने के मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि तीन अन्य आरोपी अब भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है. घटना सोमवार की है, जब न्यायालय क्रमांक-1 के पास प्रथम तल से एक मामूली विस्फोट हुआ था, जिससे परिसर में अफरा-तफरी मच गई. मामले की शिकायत ओमती थाने में दर्ज कराई गई थी. मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे.
CCTV फुटेज से आरोपियों की पहचान
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले और आरोपियों की पहचान की. गिरफ्तार आरोपियों में तनमय राजपूत, अनूप श्रीपाल, अनुज राजपूत, पंकज राजपूत और मनीष अहिरवार शामिल हैं. पंकज राजपूत को माढ़ोताल पुलिस ने गिरफ्तार किया, जबकि अन्य को ओमती पुलिस ने दबोचा.
इसलिए वारदात को दिया गया अंजाम
पुलिस को आरोपियों ने बताया कि वे अपने गैंग का वर्चस्व दिखाने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया था. गैंग का सरगना मनीष अहिरवार है, जो पूर्व में हत्या के मामले में भी आरोपी रह चुका है. उसकी कोर्ट में सुनवाई के दौरान विरोधी पक्ष पर दबाव बनाने के उद्देश्य से यह हरकत की गई.
बता दें कि जबलपुर में अब अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि वे गवाहों को धमकाने के लिए कोर्ट में विस्फोट तक कर सकते हैं.
फरार आरोपियों की तलाश कर रही पुलिस
पुलिस ने बताया कि पंकज राजपूत की आपराधिक प्रवृत्ति को देखते हुए उसके खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत कार्रवाई की गई है.
गिरफ्तार सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर केंद्रीय जेल भेज दिया गया है. वहीं फरार आरोपी मनीष अहिरवार, कृष्णा ठाकुर सहित अन्य की तलाश के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है.
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