Bargi Dam Cruise Accident: मध्यप्रदेश की संस्कारधानी जबलपुर में हुए क्रूज हादसे को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जांच के आदेश दिए हैं. उनका कहना है कि बरगी बांध में हुआ हादसा चक्रवात की वजह से हुआ है. उसकी विस्तृत जानकारी जांच रिपोर्ट के बाद ही मिल सकेगी. सीएम डॉ. यादव ने कहा कि इस हादसे में मन को बेहद दुख पहुंचा. दुर्घटना में रेस्क्यू टीम के जिन सदस्यों ने लोगों को पानी से बाहर निकाला, उनका 15 अगस्त को सम्मान किया जाएगा. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 1 मई को मीडिया से कहा कि बरगी बांध में हुई दुर्घटना चक्रवात की वजह से घटी है. हमने कल ही अपने पर्यटन मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी, लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह, एसीएस संजय दुबे के साथ प्रशासनिक अधिकारियों को मौके पर भेजा. राहत-बचाव के लिए एनडीआरएफ-एसडीआरएफ को लगाया। मुझे मिली जानकारी के मुताबिक इस घटना में 29 लोगों को बचाया गया है.
बहादुर जवानों को 15 अगस्त पर मिलेगा सम्मान
मुख्यमंत्री ने बचाव कार्य में जुटी टीम की जमकर तारीफ की है. उन्होंने कहा कि जिस तेजी से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया वह काबिले तारीफ है. क्रूज को काटकर करीब 5 घंटे की मशक्कत के बाद कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया. मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि एनडीआरएफ (NDRF) और एसडीआरएफ (SDRF) के जिन जवानों ने अपनी जान जोखिम में डालकर लोगों को बचाया है, उन्हें 15 अगस्त के अवसर पर सम्मानित किया जाएगा. सरकार ने एक विशेष दल भी गठित किया है जो पूरे रेस्क्यू ऑपरेशन और सुरक्षा मानकों की निगरानी कर रहा है.
4-4 लाख रुपये आर्थिक सहायता की घोषणा
गौरतलब है कि, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा था कि इस हादसे में जो जनहानि हुई है, वह अत्यंत पीड़ादायक है. शोकाकुल परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं. मृतकों के परिवारजनों को राज्य शासन की ओर से 4-4 लाख की आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए हैं.
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गेहूं खरीदी को लेकर सरकार पूरी तरह सक्रिय
किसानों के मुद्दे पर बात करते हुए मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में गेहूं उपार्जन का काम बहुत ही पारदर्शी तरीके से चल रहा है. उन्होंने खुशी जताई कि अब तक 80 लाख से ज्यादा किसानों ने स्लॉट बुकिंग करा ली है और यह आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है. मुख्यमंत्री ने साफ किया कि सरकार पूरी मजबूती के साथ किसानों के साथ खड़ी है और उपार्जन प्रक्रिया की उच्च स्तर पर निगरानी की जा रही है ताकि किसी भी किसान को परेशानी का सामना न करना पड़े.
अधिकारियों और मंत्रियों को फील्ड पर रहने के निर्देश
किसानों की सुविधा के लिए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों, विधायकों और मंत्रियों को सख्त निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा है कि जहां-जहां भी गेहूं की खरीदी हो रही है, वहां सभी जिम्मेदार लोग सक्रिय रूप से मौजूद रहें. व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए लगातार निरीक्षण किए जा रहे हैं और कहीं भी लापरवाही मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है. मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि किसानों के हितों की रक्षा के लिए सरकार हर संभव कदम उठा रही है.
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