विज्ञापन

India International Rice Summit: चावल निर्यातकों को CM साय की सौगात; मंडी छूट जारी रखने का ऐलान

India International Rice Summit Raipur: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि "इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट का यह दूसरा संस्करण अत्यंत महत्वपूर्ण है. इस आयोजन में 12 देशों के बायर्स तथा 6 देशों के एम्बेसी प्रतिनिधिमंडल की उपस्थिति से छत्तीसगढ़ को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलने में मदद मिलेगी. उन्होंने छत्तीसगढ़ की पावन धरती पर सभी विदेशी मेहमानों का स्वागत एवं अभिनंदन किया."

India International Rice Summit: चावल निर्यातकों को CM साय की सौगात; मंडी छूट जारी रखने का ऐलान
India International Rice Summit: चावल निर्यातकों को CM साय की सौगात; मंडी छूट जारी रखने का ऐलान

India International Rice Summit 2026: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय (CM Vishnu Deo Sai) रायपुर (Raipur) में आयोजित इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट में शामिल हुए. इस अवसर पर उन्होंने चावल निर्यातकों को बड़ी सौगात दी है. मंडी शुल्क में छूट की अवधि एक साल बढ़ाई है. इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट के दौरान सीएम साय ने की घोषणा से चावल निर्यातकों और किसान दोनों के लिए बड़ी सौगात है. साथ ही कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) के क्षेत्रीय कार्यालय का भी शुभारंभ किया. उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में ऑर्गेनिक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है और दंतेवाड़ा में ऑर्गेनिक चावल की खेती हो रही है, जिसे और प्रोत्साहन देने की आवश्यकता है.

छतीसगढ़ से चावल के एक्सपोर्ट को मिलेगा बढ़ावा : CM साय

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट का यह दूसरा संस्करण अत्यंत महत्वपूर्ण है. इस आयोजन में 12 देशों के बायर्स तथा 6 देशों के एम्बेसी प्रतिनिधिमंडल की उपस्थिति से छत्तीसगढ़ को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलने में मदद मिलेगी. उन्होंने छत्तीसगढ़ की पावन धरती पर सभी विदेशी मेहमानों का स्वागत एवं अभिनंदन किया.

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने छत्तीसगढ़ को सोच-समझकर “धान का कटोरा” कहा था और आज प्रदेश इस नाम की सार्थकता सिद्ध कर रहा है. चावल छत्तीसगढ़ के खानपान का अभिन्न हिस्सा रहा है और यहां हजारों किस्मों की धान की प्रजातियां उगाई जाती हैं. सरगुजा अंचल के सुगंधित जीराफूल और दुबराज जैसे चावलों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इनकी खुशबू दूर से ही पहचान में आ जाती है.

उन्होंने आगे कहा कि छतीसगढ़ से चावल के एक्सपोर्ट को बढ़ावा मिलेगा. चावल निर्यातक लंबे समय से मंडी शुल्क में छूट की मांग कर रहे थे. पिछले साल भी सरकार ने दी थी, छूट दिसंबर 2025 में मंडी शुल्क में छूट की अवधि खत्म हो रही थी.

छत्तीसगढ़ से 90 देशों को करीब एक लाख टन चावल का किया जा रहा है निर्यात

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की नई औद्योगिक नीति के अंतर्गत लघु उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे चावल के प्रसंस्करण और निर्यात को मजबूती मिलेगी. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ से वर्तमान में लगभग 90 देशों को करीब एक लाख टन चावल का निर्यात किया जा रहा है. सरकार निर्यातकों के सहयोग के लिए सदैव तत्पर है. उन्होंने बताया कि प्रदेश में किसानों से 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी की जा रही है. पिछले वर्ष 149 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी हुई थी और इस वर्ष भी खरीदी में वृद्धि की संभावना है. इस दौरान मुख्यमंत्री ने केंद्र व राज्य शासन द्वारा किसानों के हित में संचालित योजनाओं की जानकारी भी साझा की.

यह भी पढ़ें : Cosmo Expo 2026: मध्य भारत का सबसे बड़ा एक्सपो शुरू; CM साय ने कहा- रोजगार सृजन पर हमारा विशेष फोकस

यह भी पढ़ें : MP Startup Summit 2026: नवाचार, निवेश और रोजगार; स्टार्टअप समिट में दिखेगी मध्य प्रदेश की नीति

यह भी पढ़ें : Aadhaar For Students: आधार अपडेट नहीं तो होगा नुकसान? MP में विद्यार्थी के लिए आधार, अब विद्यालय के द्वार

यह भी पढ़ें : World Book Fair 2026: विश्व पुस्तक मेला दिल्ली में शुरू; पहली बार फ्री इंट्री, सैन्य इतिहास पर फोकस

MPCG.NDTV.in पर मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार,लाइफ़स्टाइल टिप्स हों,या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें,सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

फॉलो करे:
Close