Dantewada BJP Ziladhyaksh Santosh Gupta: छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले से एक बड़ी खबर है. यहां बीजेपी के जिलाध्यक्ष संतोष गुप्ता पर एक व्यापारी के साथ मारपीट के आरोप लगे हैं. पूरा मामला जिले के गीदम शहर का है. इस घटना के बाद लोगों ने गीदम थाने का घेराव कर दिया और जिलाध्यक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है. पीड़ित व्यापारी ने जिलाध्यक्ष के खिलाफ थाने में आवेदन भी दिया है. खबर लिखे जाने तक एफआईआर दर्ज नहीं हुई थी. इस मामले में जिलाध्यक्ष संतोष ने भी अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को गलत और निराधार बताया है. उन्होंने कहा कि मुझे बदनाम किया जा रहा, इस पूरे मामले में थाने जाकर FIR दर्ज करवाने की भी बात उन्होंने कही है.
जिलाध्यक्ष संतोष गुप्ता पर किराए का भुगतान नहीं करने का आरोप
जानकारी के मुताबिक चांडकमल सोनी गीदम के पुराना बस स्टैंड के सामने एक लॉज का संचालन करते हैं. भाजपा के जिलाध्यक्ष संतोष गुप्ता गीदम इनके लॉज के अंदर रेस्टोरेंट का संचालन भी करते हैं. आरोप है कि पद और सत्ता का पावर दिखाकर जिलाध्यक्ष ने किराए का भुगतान नहीं किया था. इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया.
व्यापारी के साथ मारपीट करने का आरोप
पीड़ित चांडकमल सोनी ने पुलिस को दिए बयान में बताया, 'मेरे लॉज में बीजेपी के जिलाध्यक्ष संतोष गुप्ता गणपति रेस्टोरेंट का संचालन करते हैं. हर महीने मासिक किराया 40000 रुपये होता है. लेकिन जब से भाजपा के जिलाध्यक्ष बने हैं, तब से पद और पावर का घमंड दिखाकर किराया नहीं दे रहे हैं. मैंने कई बार इसकी मांग भी की, लेकिन वो हमेशा धमकाते रहे कि सत्ता मेरी है तुम मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकते. आज मंगलवार को उन्होंने किराए के संबंध में बात करने के लिए मुझे अपने घर बुलाया. यहां मेरे साथ मारपीट की, गाली गलौच किया और कहा कि सरकार मेरी है. सत्ता मेरी है. तुम मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकते हो...
उन्होंने आगे बताया कि संतोष गुप्ता ने मेरी पिटाई शुरू कर दी. मैं किसी तरह जान बचाकर भागा. चांडकमल ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि मैं हार्ट का पेशेंट हूं. मेरा स्वास्थ्य ठीक नहीं है. संतोष गुप्ता भाजपा के जिलाध्यक्ष हैं. वो मेरे और मेरे परिवार के साथ भविष्य में कुछ भी कर सकते हैं. बता दें कि पीड़ित थाने में आवेदन देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है.
सारे आरोप गलत, मैं भी FIR दर्ज करवाउंगा
इस पूरे मामले में जिलाध्यक्ष संतोष गुप्ता का भी बयान सामने आया है. NDTV से हुई बातचीत में संतोष ने बताया कि मुझ पर लगाए गए सारे आरोप निराधार हैं. उन्होंने कहा कि आज मंगलवार को मैं अपने घर में पूजा कर रहा था, तभी चांडकमल सोनी मेरे घर में आए और मुझसे किराए देने को लेकर विवाद करने लगे. मैंने उन्हें समझाया और निवेदन किया कि भइया 11:30 बजे जब रेस्टोरेंट खुलेगा तो आपका हिसाब दिखवाकर कर लूंगा. लेकिन उन्होंने नहीं सुनी और मेरे ही घर में आकर मुझे धमकाने लगे और धक्का दे दिया. इसके बाद भी मैंने उनसे आग्रह किया, क्योंकि मैं अपने पद की गरिमा को जानता हूं. संगठन और पार्टी मेरे लिए सर्वोपरि है. चांडकमल ने जाते हुए मुझसे कहा कि मैं तुझे फंसाउंगा. मुझ पर लगाए गए सारे आरोप झूठे हैं. मेरे चरित्र के बारे में गलत बातें कर मुझे बदनाम किया जा रहा है. इस मामले में मैं भी एफआईआर दर्ज करवाउंगा.