इंदौर के महू नाका चौराहे पर विधानसभा-4 से जुड़े एक कार्यकर्ता और ट्रैफिक पुलिस के बीच हुए विवाद ने अब नया मोड़ ले लिया है. घटना के दिन हुए हंगामे के बाद अब उसी दिन का एक कथित सीसीटीवी (CCTV) वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसने पूरे मामले को फिर से चर्चा में ला दिया है.
क्या है पूरा मामला?
ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, संबंधित कार्यकर्ता बाइक चलाते समय मोबाइल फोन पर बात कर रहा था. इसी आधार पर उसे रोका गया और चालानी कार्रवाई की जा रही थी. वहीं, कार्यकर्ता का आरोप था कि उसने गाड़ी चलाते समय मोबाइल का उपयोग नहीं किया और ट्रैफिक पुलिस ने उसके साथ बदसलूकी की, यहां तक कि हाथ उठाने का भी आरोप लगाया गया.
इंदौर के महू नाका चौराहे पर विधानसभा-4 से जुड़े एक कार्यकर्ता और ट्रैफिक पुलिस के बीच हुए विवाद ने अब नया मोड़ ले लिया है. घटना के दिन हुए हंगामे के बाद अब उसी दिन का एक कथित सीसीटीवी (CCTV) वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसने पूरे मामले को फिर से चर्चा में ला दिया है.… pic.twitter.com/BADXv2vMyc
— NDTV MP Chhattisgarh (@NDTVMPCG) May 12, 2026
घटना के बाद कार्यकर्ता और उसके साथियों ने मौके पर जमकर हंगामा किया. विरोध प्रदर्शन के दौरान सड़क पर लेटकर चक्काजाम किया गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल को हस्तक्षेप करना पड़ा.
तीन पुलिसकर्मियों पर की गई थी कार्रवाई
विवाद बढ़ने के बाद ट्रैफिक विभाग ने भी कार्रवाई करते हुए एक ट्रैफिक टीआई (TI) समेत तीन पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की थी, जिससे मामला और संवेदनशील हो गया.
CCTV वीडियो में क्या?
वीडियो में कथित रूप से वही कार्यकर्ता बाइक चलाते समय मोबाइल पर बात करता दिखाई दे रहा है. वीडियो वायरल होने के बाद ट्रैफिक पुलिस के दावे को बल मिलता नजर आ रहा है. सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद अब सबकी नजर प्रशासन और संबंधित राजनीतिक दल के रुख पर टिकी है. यह देखना अहम होगा कि जांच के आधार पर किस पर क्या कार्रवाई होती है और क्या पहले की गई कार्रवाई में कोई बदलाव होता है.