VB-GRG: देश में लागू विकसित भारत–गारंटी फॉर रोज़गार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण)–VB-GRG अधिनियम 2025 को लेकर सोमवार को भाजपा कार्यालय रायपुर में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की.
रायपुर के कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में पत्रकारों से बातचीत में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि VB-GRG केवल रोज़गार का वादा नहीं, बल्कि स्थायी आजीविका की गारंटी है. उन्होंने कहा कि जहां मनरेगा अस्थायी राहत तक सीमित रही, वहीं विकसित भारत–गारंटी कानून ग्रामीण छत्तीसगढ़ को आत्मनिर्भर बनाकर विकसित भारत की नींव को और मजबूत करेगा.
VB-GRG केवल रोज़गार का वादा नहीं, बल्कि स्थायी आजीविका की गारंटी है। जहाँ पहले मनरेगा अस्थायी राहत तक सीमित रही, वहीं विकसित भारत-जी राम जी कानून ग्रामीण छत्तीसगढ़ को आत्मनिर्भर बनाकर विकसित भारत की नींव और भी सुदृढ़ करेगा।
— Vishnu Deo Sai (@vishnudsai) January 5, 2026
आज भाजपा कार्यालय, रायपुर में विकसित भारत–गारंटी फॉर… pic.twitter.com/Wdv9hgZJ7a
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए गरीब, किसान और मजदूर का विकास हमेशा प्राथमिकता रहा है. वर्ष 2014 में जब मोदी पहली बार प्रधानमंत्री बने, तब वे स्वयं उनके मंत्रिमंडल में शामिल थे. उस समय प्रधानमंत्री ने स्पष्ट कहा था कि उनकी सरकार गरीबों के लिए काम करेगी.
विष्णु देव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के दो कार्यकाल में गरीब, किसान और मजदूरों के लिए कई ऐतिहासिक कदम उठाए गए. हर घर बैंक खाता, हर घर पक्का मकान और शौचालय जैसी योजनाएं इसकी मिसाल हैं.
उन्होंने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार की उपलब्धियों को देखें तो गरीब, किसान और मजदूरों के प्रति उसकी प्रतिबद्धता साफ झलकती है. विकसित गांव बनाने के उद्देश्य से VB-GRG योजना लाई गई है, जिसके तहत सवा सौ दिन का काम मिलेगा. मजदूरी का भुगतान सात दिनों के भीतर किया जाएगा और यदि तय समय पर भुगतान नहीं हुआ तो मजदूरों को मजदूरी पर ब्याज भी मिलेगा.
मुख्यमंत्री ने बताया कि VB-GRG के तहत धान की कटाई के समय 60 दिनों तक काम बंद रहेगा, ताकि खेती के लिए मजदूरों की कमी न हो. इस योजना में चार प्रमुख श्रेणियों के कार्य शामिल होंगे, जिनमें जल सुरक्षा, ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर, जलवायु परिवर्तन से जुड़े कार्य, कृषि और पशुपालन शामिल हैं.
उन्होंने कहा कि VB-GRG में प्रशासनिक व्यय छह प्रतिशत से बढ़ाकर नौ प्रतिशत किया गया है. साथ ही महिलाओं को विशेष रूप से इस योजना में रोजगार दिया जाएगा. गांवों को रोजगार युक्त और विकसित बनाने में यह कानून महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि गांव-गांव को सशक्त बनाने के लिए ही यह कानून लाया गया है, जिससे ग्रामीण भारत और मजबूत होगा.