मध्यप्रदेश के खरगोन जिले से एक ऐसी दुखद खबर सामने आई है जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है. कसरावद तहसील के टेकड़ी क्षेत्र में एक विवाह समारोह की खुशियां उस समय गम में तब्दील हो गईं, जब हल्दी की रस्म के दौरान एक दुल्हन की तबीयत बिगड़ी और इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया. जिस घर से बेटी की डोली उठनी थी, वहां से उसकी अर्थी उठी, जिससे पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है.
क्या है पूरा मामला?
घटना कसरावद बस स्टैंड के पास स्थित टेकड़ी क्षेत्र की है. यहाँ रहने वाले गजु नाथ की बड़ी पुत्री राखी का विवाह 26 अप्रैल 2026 को तय हुआ था. घर में शादी की तैयारियां जोर-शोर से चल रही थीं और मेहमानों का आना जारी था. परिजनों के अनुसार, 22 अप्रैल को मांगलिक कार्यक्रम के तहत राखी को पारंपरिक हल्दी और 'चिक्सा' (उबटन में प्रयुक्त होने वाला सुगंधित पदार्थ) लगाया गया था.
रस्म पूरी होने के कुछ ही देर बाद राखी की स्थिति अचानक बिगड़ने लगी. उसे सांस लेने में तकलीफ और घबराहट की शिकायत होने पर तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे आईसीयू में भर्ती किया.
एंबुलेंस की किल्लत और इलाज के दौरान मौत
परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्थाओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि जब राखी की स्थिति ज्यादा बिगड़ी और उसे इंदौर के एमवाय अस्पताल रेफर किया गया, तब उन्हें समय पर सरकारी एंबुलेंस नहीं मिल सकी. विवश होकर परिजनों को 4,000 रुपये खर्च कर निजी एंबुलेंस का सहारा लेना पड़ा. इंदौर में तीन दिनों तक चले संघर्ष के बाद, 25 अप्रैल को राखी ने अंतिम सांस ली.
प्रशासन की देरी और 'हाइपर सेंसिटिविटी' का अंदेशा
चौंकाने वाली बात यह है कि यह घटना 25 अप्रैल को हुई, लेकिन प्रशासन तक इसकी सूचना करीब 15 दिन बाद पहुंची. 14 मई को स्वास्थ्य विभाग की टीम मृतका के घर पहुँची और जांच शुरू की.
सीएमएचओ डॉ. डी.एस. चौहान के नेतृत्व में पहुंची टीम ने पाया कि उसी हल्दी और उबटन का उपयोग परिवार के अन्य 10-15 लोगों ने भी किया था, लेकिन किसी को कोई समस्या नहीं हुई. विशेषज्ञों का मानना है कि राखी को हल्दी या चिक्से में मौजूद किसी विशेष तत्व से 'हाइपर सेंसिटिविटी' (अत्यधिक संवेदनशीलता या घातक एलर्जी) हुई होगी, जो उसकी मौत का कारण बनी.
नमूनों की जांच और कानूनी कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए खाद्य एवं औषधि विभाग ने कसरावद के हाट-बाजार और संबंधित दुकानों से हल्दी व मसालों के नमूने जब्त किए हैं. इन नमूनों को जांच के लिए भोपाल स्थित राज्य स्तरीय लैब भेजा गया है. प्रशासन अब मृतका की मेडिकल हिस्ट्री खंगाल रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या उसे पहले से कोई एलर्जी थी. फिलहाल, इस घटना ने सौंदर्य प्रसाधनों और पारंपरिक उबटनों में होने वाली मिलावट या रसायनों के प्रति लोगों को सतर्क कर दिया है.