विज्ञापन
This Article is From Jan 06, 2025

Journalist Death Case: जिस सड़क के 'करप्शन' ने मुकेश चंद्राकर की जान ली, वहां फिर से पहुंचा NDTV, पैच वर्क में भी हुआ भ्रष्टाचार

Mukesh Chandrakar: मुकेश चंद्राकर एक जांबाज पत्रकार...जिन्हें सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार को उजागर करने के बाद मार दिया गया. उनके कातिल अब सलाखों के पीछे हैं. जिसका इंसाफ अदालत में होगा. लेकिन NDTV ने अपनी मुहिम को जारी रखा है. लिहाजा, हमारी टीम फिर से उसी सड़क का जायजा लेने पहुंची, जिसने मुकेश की जान ले ली. भष्ट्र ठेकेदार का हौसला तो देखिए- जिस सड़क के निर्माण की जांच के लिए कमेटी बनी है, उसी सड़क पर अब भी घटिया पैच वर्क किया जा रहा है.

Journalist Death Case: जिस सड़क के 'करप्शन' ने मुकेश चंद्राकर की जान ली, वहां फिर से पहुंचा NDTV, पैच वर्क में भी हुआ भ्रष्टाचार

Journalist Mukesh Chandrakar Murder Case: छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के जांबाज पत्रकार मुकेश चंद्राकर (Mukesh Chandrakar)  की हत्या की जो वजह सामने आई है वो है बीजापुर (Bijapur) के गंगालू से नेलसनार की घटिया सड़क. नक्सल प्रभावित इलाके में बनी ये सड़क 52 किलोमीटर लंबी है. इस सड़के के निर्माण में हुए भ्रष्टाचार की कहानी हमारे जांबाज साथी मुकेश चंद्राकर और निलेश त्रिपाठी ने दुनिया के सामने लाया था. जिसके बाद सड़क को बनाने के लिए जिम्मेदार ठेकेदार सुरेश चंद्राकर और उसके साथियों ने मुकेश चंद्राकर की निर्मम हत्या कर दी. हत्याकांड का खुलासा 3 जनवरी 2025 को हुआ और 6 जनवरी 2025 को ही NDTV के तीन पत्रकारों ने उसी सड़क पर जाकर फिर से हालात का जायजा लिया. हमारा मकसद सड़क निर्माण में हो रहे भ्रष्टाचार को उजागर करने के साथ-साथ ये बताना भी था मुकेश चंद्राकर की हत्या से हम डरे नहीं है.  हम बेखौफ होकर जन सरोकार के मुद्दे को उठाते रहेंगे. 

अब भी बाज नहीं आ रहे भ्रष्टाचारी

सोमवार को जब हमारे तीन पत्रकार जुल्फिकार अली, विकास तिवारी और चंद्रकांत शर्मा गंगालू से नेलसनार का जायजा लेने पहुंचे, तो पाया का इतना सबकुछ होने के बाद भी भ्रष्टाचारी बाज नहीं आ रहे हैं. दरअसल बीते 24 दिसंबर को जब NDTV ने इस सड़क के निर्माण में हो रहे भ्रष्टाचार की रिपोर्ट प्रकाशित की थी तब सरकार ने इस पर जांच कमेटी बैठा दी थी. इसके बावजूद इस सड़क पर जो पैच वर्क किया गया है वो भी घटिया स्तर का है. हमारे पत्रकारों ने जब इस पैच वर्क को हाथ से ही हल्के से कुरेदा तो सामग्री हाथों में आ गई.  साफ मतलब है कि ठेकेदार के हौसले इतने बुलंद है वो खबर के बाद जांच बैठने पर भी घटिया पैच वर्क से बाज नहीं आया. 

शहीद जवानों के खून से भी सनी है ये सड़क

दरअसल, ये सड़क बेहद अहम है. घोर नक्सल प्रभावित गंगालूर से नेलशनार तक बन रही ये सड़क बदलते बस्तर की सैर कराने वाली सड़क है. इसके जरिए बस्तर के अंदरुनी इलाकों में जाया जा सकता है. बता दें कि बीजापुर टी- प्वाइंट से जगरगुंडा तक निर्माणाधीन 70 किलोमीटर की सड़क निर्माण में अब तक सुरक्षा बलों के 48 जवानों की शहादत हो चुकी है. मतलब इस सड़क में गिट्टी, बालू और अलकतरा के साथ-साथ शहीद जवानों का खून भी सना हुआ है. अब तो इस सड़क में पत्रकार मुकेश चंद्राकर का खून भी शामिल है. बीते 24 दिसंबर को जब  NDTV की टीम ने बीजापुर जिले के गंगालूर से मिरतुर जाने वाली सड़क पर हिरौली के पास 10 किलोमीटर के दायरे में जायजा लिया था तब 1 किलोमीटर के ही इलाके में हमें 35 से ज्यादा गड्ढे मिले थे.इसके अलावा पास की पहाड़ी काटकर ही बेस का मटैरियल यूज किया जा रहा है. जिसकी अनुमति भी नहीं ली गई थी. 

ये भी पढ़ें- Mukesh Murder Case:  सियासत शुरू,सरकार को घेर रही कांग्रेस तो BJP ने दिया जवाब, पत्रकार बोले - राजनीति नहीं, न्याय चाहिए 

बहरहाल NDTV की टीम  इस सड़क का जायजा लेने फिर से पहुंची और हत्यारों को संदेश दिया कि NDTV हमेशा सच के साथ था, है और रहेगा. हम अपने साथी की हत्या से डरेंगे नहीं और सच्चाई दिखाते रहेंगे. 

ये भी पढ़ें- मुकेश चंद्राकर हत्याकांड: साय सरकार का कड़ा एक्शन, मुख्य आरोपी के अवैध निर्माण पर चला बुलडोजर

पूरी स्टोरी पढ़ें

MPCG.NDTV.in पर मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार,लाइफ़स्टाइल टिप्स हों,या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें,सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

फॉलो करे:
Close
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com