देश की राजधानी दिल्ली के भारत मंडपम में चल रहे इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 (India AI Impact Summit 2026) के दौरान यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने एक शर्ट उतार कर विरोध प्रदर्शन किया.अब इस सियासी घमासान शुरू हो गया है. भाजपा ने इसे सोची-समझी रणनीति बताया है.
मध्य प्रदेश के सीएम डॉ. मोहन यादव ने भी इसे लेकर कांग्रेस पर हमला बोला है. उन्होंने कहा कि भारत मंडपम, नई दिल्ली में चल रहे 'India AI Impact Summit 2026' में देश की उपलब्धियों के बीच कांग्रेसियों द्वारा किया गया हंगामा, देश की प्रगति से उपजी बेचैनी का प्रतीक है. जब दुनिया, भारत की तकनीकी क्षमता को स्वीकार कर रही है, तब कांग्रेस अपने राजनीतिक लाभ के लिए राष्ट्रीय मंचों को विवाद का अखाड़ा बना रही है. उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश की साख को चोट पहुंचाने का अधिकार किसी को नहीं है. ये नया भारत है, जो अब पूरे आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है. विकास की यात्रा को अराजकता की राजनीति रोक नहीं सकती. कांग्रेस की राष्ट्र विरोधी विचारधारा एक बार फिर उजागर हुई है.
कांग्रेस कार्यालय घेरेंगे भाजपा कार्यकर्ता
इधर, एआई समिट में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के अर्धनग्न होकर प्रदर्शन करने पर भाजपा ने भोपाल में विरोध जताया. भारतीय जनता युवा मोर्चा और बीजेपी जिला अध्यक्ष ने कांग्रेस कार्यालय के पास प्रदर्शन कर राहुल गांधी का पुतला दहन किया. इस दौरान भाजपा जिला अध्यक्ष रविन्द्र यति ने कहा 21 फरवरी को बड़ी संख्या में भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता कांग्रेस कार्यालय का घेराव करेंगे.
संबित पात्रा बोले- राहुल गांधी के घर बनी योजना
भाजपा नेता संबित पात्रा ने यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन को सोची-समझी रणनीति बताया. उन्होंने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम की योजना राहुल गांधी, सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी की उपस्थिति में तैयार की गई थी. इसकी रणनीति राहुल गांधी के आधिकारिक आवास पर बनी थी.
राजनाथ सिंह बोले- कांग्रेस ने देश का सम्मान बढ़ाने के बजाय व्यवधान का रास्ता चुना
इसके अलावा भी भाजपा के कई बड़े नेताओं ने यूथ कांग्रेस के प्रदर्शन पर कड़ी प्रतिक्रया दी है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा- जब पूरा विश्व भारत को नई दिल्ली में मौजूद भारत मंडपम में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट की मेजबानी करते हुए देख रहा था और तकनीक व नवाचार के क्षेत्र में हमारे बढ़ते वैश्विक नेतृत्व का साक्षी बन रहा था, उस समय कांग्रेस ने देश का सम्मान बढ़ाने के बजाय आयोजन में व्यवधान उत्पन्न करने का रास्ता चुना. यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं द्वारा जिस शर्मनाक तरीके से कार्यक्रम स्थल पर अनुचित व्यवहार करते हुए हंगामा किया गया है वह न केवल दुर्भाग्यपूर्ण है, बल्कि भारत की प्रतिष्ठा को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर धूमिल करने का प्रयास भी है. मैं कांग्रेस के इस कृत्य की भर्त्सना करता हूं. जब भी भारत वैश्विक मंच पर आगे बढ़ता है, कांग्रेस राष्ट्रहित के साथ खड़े होने के बजाय राजनीतिक लाभ लेने को प्राथमिकता देती दिखाई देती है. दलगत राजनीति को देश की प्रतिष्ठा और सम्मान से ऊपर रखना अत्यंत दुखद है. भारत की जनता भली-भांति समझती है कि कौन भारत को सशक्त और समर्थ बनाने में जुटा है और कौन बार-बार भारत की छवि को धूमिल करने का प्रयास करता है.