विज्ञापन
This Article is From Mar 14, 2026

धार में दृष्टिहीन महिला की गुहार: 2 साल से घर नहीं बनाने दे रहा उपसरपंच? प्रशासन से लगाई न्याय की गुहार

MP News: मध्यप्रदेश के धार जिले के सलकनपुर गांव में एक दृष्टिहीन महिला ने आरोप लगाया है कि गांव का उपसरपंच पिछले दो वर्षों से उसे अपने घर का निर्माण नहीं करने दे रहा है. महिला ने प्रशासन से हस्तक्षेप कर न्याय दिलाने की मांग की है.

धार में दृष्टिहीन महिला की गुहार: 2 साल से घर नहीं बनाने दे रहा उपसरपंच? प्रशासन से लगाई न्याय की गुहार

मध्यप्रदेश के धार जिले में महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण को लेकर सरकार भले ही बड़े दावे करती हो, लेकिन कई बार जमीनी हकीकत इन दावों से अलग नजर आती है. ऐसा ही एक मामला धार के समीप स्थित सलकनपुर गांव से सामने आया है. यहां एक दृष्टिहीन महिला पिछले दो वर्षों से अपने ही घर के निर्माण के लिए संघर्ष कर रही है. महिला का आरोप है कि गांव के उपसरपंच की कथित दबंगई के कारण वह अपने मकान का निर्माण नहीं कर पा रही है.

बचपन से संघर्ष भरा जीवन

सलकनपुर गांव निवासी करीब 30 वर्षीय अनिता वर्मा पूरी तरह दृष्टिहीन हैं और अपने पुश्तैनी जर्जर मकान में अकेले रहकर किसी तरह जीवन यापन कर रही हैं. अनिता बताती हैं कि जब वह मात्र तीन वर्ष की थीं, तब उनके पिता का निधन हो गया था. इसके बाद उनकी मां ने ही उनका पालन-पोषण किया और वही उनका सहारा थीं.

करीब पांच से छह वर्ष पहले मां के निधन के बाद अनिता पूरी तरह अकेली हो गईं. दृष्टिहीन होने के कारण उनका जीवन पहले से ही कठिन है और वह सरकारी योजनाओं से मिलने वाली सहायता तथा राशन के सहारे गुजर-बसर कर रही हैं. 

dhar blind woman alleges deputy sarpanch stopped house construction

dhar blind woman alleges deputy sarpanch stopped house construction

मकान जर्जर, कभी भी गिरने का खतरा

अनिता का कहना है कि उनका मकान बेहद जर्जर हो चुका है और कभी भी गिर सकता है. इसी वजह से वह उसकी मरम्मत कर उसे रहने योग्य बनाना चाहती हैं. हालांकि महिला का आरोप है कि गांव के उपसरपंच कमल मुकाती, जो खुद को भाजपा से जुड़ा नेता बताते हैं, पिछले दो वर्षों से उन्हें घर बनाने से रोक रहे हैं. महिला के मुताबिक जब भी वह मजदूर बुलाकर निर्माण कार्य शुरू करवाने की कोशिश करती हैं, तो उन्हें धमकाकर वहां से भगा दिया जाता है.

पीएम आवास योजना की राशि भी मिली

पीड़िता का कहना है कि जमीन का सरकारी पट्टा उनके नाम पर है और प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत उन्हें 25 हजार रुपये की पहली किस्त भी मिल चुकी है. उन्होंने घर निर्माण के लिए गड्ढा खुदवाकर दीवार खड़ी करवाई थी, लेकिन आरोप है कि उसे भी तुड़वा दिया गया.

प्रशासन से लगाई न्याय की गुहार

महिला का कहना है कि वह पिछले दो वर्षों से तहसीलदार, एसडीएम और पुलिस थाने में शिकायत कर चुकी हैं. इसके अलावा जनसुनवाई में भी आवेदन दिए गए, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई.

महिला की स्थिति को देखते हुए इंदौर की समाजसेवी बबीता चौहान उन्हें लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं और प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर न्याय दिलाने की मांग की. फिलहाल पीड़िता प्रशासन से उम्मीद लगाए बैठी है कि उसे अपने ही घर में रहने का अधिकार दिलाने के लिए जल्द कोई ठोस कदम उठाया जाएगा.

पूरी स्टोरी पढ़ें

MPCG.NDTV.in पर मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार,लाइफ़स्टाइल टिप्स हों,या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें,सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

फॉलो करे:
Close
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com