Chhattisgarh Politics : छत्तीसगढ़ में जहां एक ओर पहले धान की खरीदी को लेकर विवाद चल रहा था. अब जैसे ही ये मामला शांत हुआ, तो रबी सीजन में धान की फसल बोने को लेकर कांग्रेस, बीजेपी सरकार को घेर रही है. शुक्रवार को छत्तीसगढ़ कांग्रेस के अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा," धान और किसान छत्तीसगढ़ की पहचान है, अभिमान हैं. छत्तीसगढ़ की समृद्धि का आधार हैं. लेकिन भारतीय जनता पार्टी की किसान विरोधी सरकार रबी फसल में धान बोने वाले किसानों को हतोत्साहित कर रही है. बैज ने कहा- धान पर प्रतिबंध के मामले में सरकार स्थिति स्पष्ट करें.
यहां धमकी दी जा रही किसानों को
धमतरी, राजनांदगांव और रायपुर जिले के कलेक्टरों के द्वारा कोटवारों के माध्यम से गांव-गांव में मुनादी कराकर धान की फसल नहीं लेने के लिए किसानों को धमकाया जा रहा है. भाजपा सरकार के इशारे पर अधिकारी मौखिक आदेश देकर अघोषित तौर रबी सीजन में धान के किसानों पर 50,000 रुपए प्रति एकड़ का भारी भरकम जुर्माना लगाने की धमकी गांव-गांव में किसानों को दी जा रही है.
"किसानों को धमकाना अनुचित है"
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा, "खेत और मौसम के अनुकूल फसल का चयन करना किसानों का अधिकार है, रबी सीजन में धान के किसानों को धमकाना अनुचित है, छत्तीसगढ़ के किसानों के साथ अन्याय है. अक्टूबर से दिसंबर के मध्य में रबी फसलों की बुवाई होती है. भाजपा सरकार की अकर्मण्यता के चलते छत्तीसगढ़ के किसान रबी फसल की बोवाई में डीएपी खाद के अनुपलब्धता के चलते पहले ही परेशान हैं, अब धान नहीं लगाने के तुगलकी फरमान से किसानों पर दोहरा संकट खड़ा हो गया. धान के खेत में दलहन, तिलहन बोने का आदेश व्यावहारिक है. धान के खेत की मिट्टी और मौसम दलहन, तिलहन के अनुकूल नहीं है, ऐसे में धान के किसानों को होने वाली क्षति के लिए कौन जिम्मेदार होगा"?
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खरीदी के दायित्व से बचना चाहती है सरकार- बैज
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा, "भाजपा की सरकार चुनावी लाभ के लिए 21 क्विंटल प्रति एकड़ की दर से खरीदी का वादा तो कर दी है, लेकिन खरीदी के अपने दायित्व से बचना चाहती है. टोकन जारी करने के लिए बनाए गए “टोकन तुहर हाथ“ ऐप ठीक से काम नहीं कर रहा है, आए दिन सर्वर की समस्या जगजाहिर है. गिरदावरी में जो षड़यंत्र पूर्वक हेर-फेर किया गया. कई जगहों पर फर्जी अनावरी रिपोर्ट मंगा कर 21 क्विंटल के स्थान पर मात्र 16 क्विंटल प्रति एकड़ की दर से खरीदी की जा रही है, जिसके खिलाफ़ कल टेमरी के किसानों ने चक्काजाम कर अपना विरोध प्रदर्शन किया और अब रबी फसल में धान नहीं बोने की धमकी देना भाजपा के किसान विरोधी षड्यंत्र को प्रमाणित करता है".
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