SIR in MP: पहले ही दिन सीहोर जिला मुख्यालय पर दिखी लापरवाही, फॉर्म न आने से घरों तक नहीं पहुंचे BLO

SIR in Madhya Pradesh: मध्य प्रदेश के सीहोर जिले में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) महा अभियान की शुरुआत 4 नवंबर से हुई, लेकिन पहले ही दिन जिला मुख्यालय पर लापरवाही सामने आई. दरअसल, गणना प्रपत्र फॉर्म नहीं पहुंचने के कारण बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर सर्वे शुरू नहीं कर पाए.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins

निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार, 4 नवंबर से प्रदेश सहित सीहोर जिले में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) महा अभियान की शुरुआत हुई, लेकिन पहले ही दिन जिला मुख्यालय पर लापरवाही खुलकर सामने आ गई. गणना प्रपत्र फॉर्म नहीं पहुंचने के कारण जिला मुख्यालय पर बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर सर्वे शुरू नहीं कर पाए.

सीहोर एसडीएम तन्मय वर्मा ने बताया कि भोपाल से जितने भी फॉर्म आए थे, उन्हें श्यामपुर क्षेत्र में भेज दिया गया है, जहां बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर एसआईआर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. उन्होंने बताया कि फार्म आते ही जिला मुख्यालय पर भी प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी.

Advertisement

अपर कलेक्टर ने की समीक्षा, दिए निर्देश

इधर मंगलवार को अपर कलेक्टर वृंदावन सिंह की अध्यक्षता में तहसील कार्यालय में अधिकारियों की बैठक हुई, जिसमें उन्होंने एसआईआर प्रक्रिया की अब तक की कार्य प्रगति की समीक्षा की. उन्होंने निर्देश दिए कि एसआईआर प्रक्रिया को आयोग के दिशा-निर्देशानुसार संचालित किया जाए. अपर कलेक्टर ने कहा कि यह विशेष अभियान लोकतंत्र की नींव को सशक्त बनाने की महत्वपूर्ण पहल है और अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने को कहा कि प्रत्येक बीएलओ अपने क्षेत्र में घर-घर जाकर गणना प्रपत्रों का सही और समय पर संकलन करें. बैठक में एसडीएम तन्मय वर्मा, तहसीलदार डॉ. अमित सिंह सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे.

फॉर्म जमा न करने पर नाम कटने की चेतावनी

इस अभियान के तहत हर वोटर को घर-घर जाकर फिर से वेरिफाई किया जाएगा. आयोग ने स्पष्ट किया है कि यदि मतदाता निश्चित समय में यह फॉर्म भरकर जमा नहीं करवाते हैं तो उनका नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं किया जाएगा. अभियान का मुख्य उद्देश्य मृतक, स्थायी रूप से निवास बदलने वाले, डुप्लीकेट और फर्जी मतदाताओं के नाम हटाकर सूची की शुद्धता सुनिश्चित करना है.

Topics mentioned in this article