अस्पताल में बैठे युवक को आया हार्ट अटैक, 12 बार इलेक्ट्रिक शॉक के साथ CPR देकर ऐसे बचाई गई जान

Madhya Pradesh Hindi News: उज्जैन के नागदा में एक निजी अस्पताल में डॉक्टर की सजगता से एक युवक की जान बच गई। युवक को सीरियस हार्ट अटैक आया था और वह कुर्सी से गिर गया था. डॉक्टर्स ने तुरंत CPR और DC शॉक दिया, जिससे युवक होश में आ गया.

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मध्य प्रदेश के उज्जैन में डॉक्टर की सजगता से एक युवक की जान बच गई. दरअसल, नागदा के निजी अस्पताल में बैठे युवक को सीरियस हार्ट अटैक (Heart Attack) आ गया. युवक के गिरते ही डॉक्टर्स ने CPR और DC शॉक दे दिया, जिससे युवक होश में आ गया. पूरी घटना वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई.

जानकारी के अनुसार, नागदा तहसील स्थित चौधरी अस्पताल एंड रिसर्च सेंटर में रूपेटा गांव निवासी सन्नी गहलोत (30) सीने में दर्द होने पर पहुंचा था. डॉक्टर चेकअप कर पाते उससे पहले ही वह कुर्सी से गिर गया. यह देख डॉक्टर्स ने फौरन CPR देना शुरू कर दिया. बावजूद पल्स बंद हो गई. इस पर उसे आईसीयू ले गए और इलेक्ट्रिक शॉक देना शुरू किया.

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करीब 40 मिनट की कोशिश के बाद उसकी जान बच गई. हालांकि सन्नी की स्थिती में सुधार होने के बाद उसे इंदौर रेफर कर दिया, जहां उसका इलाज चल रहा है. यह पूरा वाकया अस्पताल के सीसीटीवी में कैद हो गया.

इलेक्ट्रिक शॉक से बची जान

डॉ. सुनील चौधरी ने बताया कि युवक के गिरते ही डॉक्टर्स ने ओपीडी में ही उसे सीपीआर दिया, लेकिन फिर भी पल्स के साथ बीपी (रक्तचाप) नहीं आ रहा था. इसलिए उसे इलेक्ट्रिक शॉक देने का फैसला कर आईसीयू में ले गए. यहां करीब 12 बार शॉक देने के साथ उसे 40 मिनट तक  CPR और DC देते रहे. आखिरकार युवक की धड़कनें वापस आ गईं.
 

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