AK-47 के साथ महिला नक्सली मासे बारसा ने किया सरेंडर, 23 सालों तक सप्लाई टीम की हिस्सा थी

Women Maoist Surrender: सुरक्षा बलों के सामने हथियार डालने वाली महिला नक्सली मासे बारसा ने AK-47 हथियार के साथ बुधवार को पुलिस के सामने आत्म-समर्पण किया. पिछले 23 सालों से नक्सल संगठन से जुड़कर कार्य कर रही महिला नक्सली मासे बारसा मूल रूप से बीजापुर जिले की रहने वाली है. वह छोटी-बड़ी कई नक्सली घटनाओं में शामिल रही है.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
WOMEN MAOIST MAASE BARSA SURRENDERED

Women Naxalite Surrender: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित कांकेर जिले में बुधवार को एक महिला नक्सली ने हथियार डाल दिए. AK-47 हथियार के साथ आत्म-समर्पण करने वाली महिला नक्सली का सरेंडर उत्तर बस्तर के इलाके में सक्रिय नक्सल संगठन के लिए एक बड़ा झटका है. 9 लाख रुपए की इनामी महिला नक्सली बारसा पिछले 23 सालों से नक्सल संगठन के सप्लाई टीम की हिस्सा रही थी.

सुरक्षा बलों के सामने हथियार डालने वाली महिला नक्सली मासे बारसा ने AK-47 हथियार के साथ बुधवार को पुलिस के सामने आत्म-समर्पण किया. पिछले 23 सालों से नक्सल संगठन से जुड़कर कार्य कर रही महिला नक्सली मासे बारसा मूल रूप से बीजापुर जिले की रहने वाली है. वह छोटी-बड़ी कई नक्सली घटनाओं में शामिल रही है.

ये भी पढ़ें-लंबी कानूनी लड़ाई के बाद कुर्क हुआ PWD दफ्तर का 1-1 सामान, विभाग ने रोक रखा था कर्मचारी का 40 लाख रुपए वेतन

कांकेर जिले बीते 2 से 3 दिनों में 3 नक्सलियों ने सुरक्षा बलों के सामने डाले हथियार

गौरतलब है उत्तर बस्तर के अबूझमाड़ और महाराष्ट्र के इकके से जुड़े इलाकों में काफी वर्षों से नक्सलवाद के पांव मजबूत थे. लेकिन सरकार, पुलिस और जवानों के प्रयास ने इस इलाके में मौजूद नक्सलियों के दांत खट्टे कर दिए हैं. इसी का परिणाम है कि बीते 2 से 3 दिनों में 3 नक्सलियों ने हथियार डालकर मुख्यधारा की राह चुनी है. इनमे पहला नाम मल्लेश फिर रानू पोडियाम और अब मासे बारसा का नाम शामिल हो गया हैं. 

पिछले 23 सालों में छोटी-बड़ी कई नक्सली घटनाओं में शामिल रही थी मासे बारसा

रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस के सामने हथियार डालने वाली महिला नक्सली मासे बारसा मूलतः बीजापुर जिले की रहने वाली है. जो साल 2003 में नक्सल संगठन से जुड़ी थीं. इस दौरान मासे बारसा दंडकारण्य, अबूझमाड़ और उत्तर बस्तर इलाके में सक्रिय रहकर कार्य करती रही. बारसा 23 सालों में छोटी-बड़ी कई नक्सली घटनाओं में शामिल  रही है.

ये भी पढ़ें-Baby Birth In Exam Center: बोर्ड एग्जाम देने आई नाबालिग ने बच्चे को दिया जन्म, परीक्षा केंद्र में हड़कंप

Advertisement
कांकेर एसपी निखिल राखेचा ने महिला नक्सली समेत तीन नक्सलियों के सरेंडर करने के बाद कांकेर जिले के अन्य नक्सलियों से भी हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में जुड़ने अपील की है. पुलिस अधीक्षक ने शासन की पुनर्वास नीति के तहत आत्मसमर्पण करने वॉर नक्सलियों को नियमानुसार सहायता प्रदान करने की बात भी कही है.

नक्सली संगठन की सप्लाई टीम का हिस्सा रही थी महिला नक्सली मासे बारसा

पुलिस अधीक्षक निखिल राखेचा ने बताया कि महिला नक्सली मासे बारसा ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया है. मासे लगभग 23 सालों से नक्सलियों से जुड़कर कार्य कर रही थी. नक्सलियों की सप्लाई टीम के क्लियर कार्य कर रही थी. जिसे डिवीसीएम बताया जा रहा है. एसपी राखेचा के मुताबिक बारसा एसीएम रैंक की महिला नक्सली है. जिस पर 5 लाख का इनाम और AK-47 हथियार लाने पर 4 लाख रुपए का इनाम घोषित था. 

ये भी पढ़ें-उत्तर बस्तर में बचे अब सिर्फ 21 नक्सली ! कांकेर SP ने सरेंडर के लिए जारी किया हेल्पलाइन नंबर

Advertisement