फर्जी भुगतान से सतना में मचा हड़कंप : 56 लाख की चपत लगाने वाले ऑपरेटर और 14 महिलाओं पर FIR

FCI इंस्पेक्टर की रिपोर्ट पर रामनगर पुलिस ने स्वसहायता समूह की 14 महिलाओ व खरीद केंद्र के कम्यूटर ऑपरेटर के खिलाफ धोखाधड़ी व हेरफेर का मामला रजिस्टर्ड कर लिया है.

विज्ञापन
Read Time: 16 mins

समर्थन मूल्य पर समूहों के माध्यम से खरीदी करना सरकार पर अतिरिक्त बोझ साबित हो रहा है. आलम यह है कि समूह संचालन करने वाले लोग बिना खरीदी लाखों के भुगतान कर अनैतिक फायदा उठा लेते हैं. ऐसे ही मामले का खुलासा होने पर एफसीआई ने रामनगर के अरगट में गेहूं खरीदने वाले समूह की 14 महिलाओं पर एफआईआर दर्ज कराई है. खरीद केंद्र में करीब 56 लाख का फर्जी भुगतान कर अनुचित लाभ उठाया गया था. FCI इंस्पेक्टर की रिपोर्ट पर रामनगर पुलिस ने स्वसहायता समूह की 14 महिलाओ व खरीद केंद्र के कम्यूटर ऑपरेटर के खिलाफ धोखाधड़ी व हेरफेर का मामला रजिस्टर्ड कर लिया है. स्वसहायता समूह की मिलीभगत से कम्यूटर ऑपरेटर ने 18 किसानों के नाम पर फर्जी तौर पर कागजो में 27 सौ क्विंटल गेंहू खरीद लिया. इसी आधार पर 56 लाख रुपये का भुगतान भी कर दिया .

रामनगर के अरगट गेहूं खरीद केंद्र में हुए फर्जी वाले कि एफआईआर रामनगर थाने में हुई है. विपणन वर्ष 2023/24 में रामनगर के अरगट गेहूं खरीद केंद्र में लक्ष्मी सहायता समूह सुलखमा को गेहूं खरीदी का जिम्मा मिला था. समूह ने कुल 8981.5 क्विंटल गेहूं खरीदा था. 6300 क्विंटल गेहूं परिदान कर दिया गया. शेष 2681.5 क्विंटल गेहूं खरीदा ही नही गया.

Advertisement

लक्ष्मी स्वसहायता समूह की मिलीभगत से घोटाले को अंजाम देते हुए बगैर गेंहू के ही कंप्यूटर ऑपरेटर रामसकल सिंह ने खरीद पोर्टल में 18 फर्जी किसानों के नाम से एंट्री कर दी. 2681.5 क्विंटल गेहूं के 56,98,187 रु. किसानों के खाते में ट्रांसफर भी कर दिए गए. 10 किसानों ने भुगतान भी प्राप्त कर लिया, लेकिन मामले का खुलासा होने पर 08 किसानों के भुगतान पर रोक लगा दी गई. इस तरह रामनगर में गेहूं खरीदी के नाम पर खेले गए भ्रष्टाचार के बडे खेल का भंडाफोड़ हो गया.

Advertisement

इनके खिलाफ एफआईआर दर्ज

लक्ष्मी स्व सहायता समूह सुलखमा की आशा यादव, सुश्री कोमल गुप्ता, फुलझरिया, रामसकल सिंह, ममता, चंदाबाई,अनीता, गुड्डी, मुरतिया,कलाबती, बबली अनुसुइया, दुआसिया, फुद्दन और फूलबाई के खिलाफ धारा 409, 420 ,468, 467, 471 का मुकदमा पंजीबद्ध किया गया है.

Advertisement

शिवराजपुर में मिलाया था कंकड़ पत्थर

रामनगर के अरगट से पहले सिंहपुर थाना क्षेत्र के शिवराजपुर में भी इसी प्रकार का घोटाला सामने आ चुका है. यहां समूह संचालक के द्वारा धान का वजन बढ़ाने के लिए मिट्टी, कंकड़ ,पत्थर मिलाकर गोदाम में जमा कराया गया था. जिसके बाद शासन को करीब 63000000 से अधिक का नुकसान उठाना पड़ा था. इस मामले में पुलिस ने 4 लोगों के खिलाफ f.i.r. कायम की है जिनमें से दो को गिरफ्तार किया जा चुका है.

Topics mentioned in this article