Mahakal: आज बाबा महाकाल बने दूल्हा, सिर पर सजा 11 फीट का फूलों से बना सेहरा, देखिए मनमोहक तस्वीरें

Ujjain Mahakaleshwar: महाशिवरात्रि के अगले दिन उज्जैन स्थित महाकालेश्वर मंदिर में भव्य आयोजन हुआ. गुरुवार को भगवान महाकाल को साल में एक बार धारण किया जाने वाला सवा मन का पुष्प मुकुट (सेहरा) पहनाया गया.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins

Ujjain Mahakaleshwar Temple: महाशिवरात्रि के अगले दिन 27 फरवरी उज्जैन स्थित महाकालेश्वर मंदिर में भव्य आयोजन हुआ. दरअसल,  गुरुवार को भगवान महाकाल को साल में एक बार धारण किया जाने वाला सवा मन का पुष्प मुकुट (सेहरा) पहनाया गया. भगवान महाकाल को अभिषेक और पूजा के बाद सेहरा से सजाया गया. सेहरा दर्शन के लिए भी आज मंदिर में बढ़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और भगवान महाकाल का आशीर्वाद लिया.

बाबा महाकाल के सेहरे को खास फूलों से सजाया गया. इस सेहरे को तीन किवंटल फूलों से सजाया गया था, जिसमें 100 किलो आंकड़े के फूल, सवा लाख बेल पत्र, 200 किलो देसी फूल था. यह सेहरा . 11 फीट का बनाया गया था.

Advertisement

महाशिवरात्रि की रात 11 बजे से गुरुवार सुबह तक महाकालेश्वर की चार प्रहर की महाअभिषेक पूजा संपन्न हुई. इसके बाद भगवान महाकाल को नए वस्त्र पहनाए गए और सप्तधान्य से उनका मुखमंडल श्रृंगारित किया गया. सप्तधान्य में 31 किलो चावल, 11-11 किलो मूंग, तिल, मसूर, जौ, गेहूं, साल और उड़द अर्पित किए गए.

सिर पर सजा फूलों से बना सेहरा

सुबह 6 बजे सेहरा आरती की गई, जिसमें भगवान महाकाल को अलग-अलग प्रकार के फूलों की लड़ियां, आंकड़े के फूल, पुष्पों की मोटी-मोटी मालाएं चढ़ाई गईं. भगवान महाकाल को 1,00,000 से भी अधिक बिल्वपत्र अर्पित किए गए. साथ ही स्वर्ण और रजत आभूषण, छत्र, चंद्र मुकुट और त्रिपुंड अर्पित किए गए.

महाशिवरात्रि पर भगवान महाकाल के 44 घंटे खुले रहते हैं पट

मंदिर समिति द्वारा भगवान महाकाल को चांदी का सिक्का और चांदी का बिल्वपत्र भी अर्पित किया गया. इस भव्य पूजा और आयोजन के बाद महाकालेश्वर के पट 44 घंटे बाद बंद किए जाएंगे. इस दौरान भक्तों में उत्साह देखने को मिला था और मंदिर में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा.

Advertisement

9 दिनों तक अलग-अलग रूपों में दिए दर्शन

बता दें कि महाशिवरात्रि पर्व पर भगवान महाकाल अपने भक्तों को 9 दिनों तक अलग-अलग रूपों में दर्शन दिए. इस दौरान भगवान महाकाल के दर्शन के लिए लाखों की संख्या में श्रद्धालु उज्जैन पहुंचे और भगवान महाकाल का आशीर्वाद लिया. 

ये भी पढ़े:12 Jyotirlinga: ये हैं भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंग, देश के इन जगहों पर हैं विराजमान, जानें इनका नाम

Advertisement