मध्य प्रदेश: सीधी में तीन सगे भाई-बहन जिंदा जले, आग की लपटों में घ‍िरे बच्‍चे लगाते रहे मदद की गुहार

मध्य प्रदेश के सीधी जिले के कसिहवा गांव में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहां एक खपरैल मकान में अचानक आग लगने से तीन सगे भाई-बहन (दो बहनें और एक भाई) जिंदा जल गए. घटना के समय माता-पिता घर पर नहीं थे. ग्रामीणों ने आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन संसाधनों की कमी के कारण वे बच्चों को नहीं बचा सके. 

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
मध्य प्रदेश: सीधी में दिल दहला देने वाला हादसा, खपरैल मकान में आग लगने से तीन सगे भाई-बहन जिंदा जले
NDTV

मध्य प्रदेश के सीधी जिले के कसिहवा ग्राम में एक खपरैल मकान में भीषण आग लगने से तीन मासूम सगे भाई-बहन जिंदा जल गए, जिससे मौके पर ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई. ग्रामीणों द्वारा आग बुझाने का हरसंभव प्रयास किया गया, लेकिन आग की लपटें इतनी तेज थीं कि देखते ही देखते तीनों मासूमों की चीख-पुकार के बीच सांसें थम गईं.

बताया गया कि रामरतन साकेत अपने परिवार के साथ इस खपरैल मकान में रहते थे. रोज की तरह आज सुबह भी वे मजदूरी करने शहर चले गए थे, जबकि उनकी पत्नी तीनों बच्चों को घर में छोड़कर राशन लेने गई थीं. इसी दौरान घर में अचानक आग लग गई और भीतर मौजूद तीनों मासूम बाहर नहीं निकल पाए.  

Advertisement

मध्य प्रदेश: सीधी में दिल दहला देने वाला हादसा, खपरैल मकान में आग लगने से तीन सगे भाई-बहन जिंदा जले

मृतकों में दो बालिकाएं और एक बालक शामिल हैं (यह तीनों सगे भाई-बहन थे, जबकि इनकी एक और बहन ननिहाल में होने के कारण इस हादसे में बाल-बाल बच गई). आग की लपटें देख बच्चे भीतर से चीखते-चिल्लाते रहे, लेकिन आग ने घर को चारों तरफ से घेर रखा था, जिसके कारण कोई भी ग्रामीण भीतर प्रवेश नहीं कर सका.

स्थानीय लोगों ने पानी का इंतजाम न होने के बावजूद आग पर काबू पाने की कोशिश की, लेकिन वे नाकाफी साबित हुए. घटना की सूचना मिलने के करीब 2 घंटे बाद फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और आग बुझाई, लेकिन तब तक पूरा खपरैल मकान जलकर खाक हो चुका था और वहां सिर्फ धुआं ही धुआं बचा था. 

मध्य प्रदेश: सीधी में दिल दहला देने वाला हादसा, खपरैल मकान में आग लगने से तीन सगे भाई-बहन जिंदा जले

पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा

घटना की सूचना मिलते ही जमोड़ी थाना प्रभारी दिव्य प्रकाश त्रिपाठी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से रिद्धि साकेत (3 वर्ष), रागिनी साकेत (8 वर्ष) और उनके पांच वर्षीय छोटे भाई के शव को बाहर निकाला. पंचनामा तैयार करने के बाद तीनों शवों को पोस्टमार्टम (पीएम) हाउस भेज दिया गया है. इस हृदयविदारक घटना के बाद मौके पर भारी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई.

मौके पर पहुंचे कलेक्टर, जांच के आदेश

हादसे की खबर मिलते ही कलेक्टर विकास मिश्रा ने कसिहवा गांव पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और पीड़ित परिवार व आसपास के लोगों से बात की. कलेक्टर ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा, "यह अत्यंत दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण घटना है कि घर के भीतर तीन मासूम जिंदा जल गए. आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा रहा है." उन्होंने पीड़ित परिवार को शासन की संबल योजना सहित अन्य सभी कल्याणकारी योजनाओं के तहत त्वरित आर्थिक सहायता व लाभ देने की बात कही. ग्रामीणों के मुताबिक आग शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी है, कलेक्टर ने आश्वस्त किया है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी. 

ये भी पढ़ें-

Advertisement

ट्विशा की मौत के अगले दिन पार्लर में बार-बार फोन कर रही थीं सास गिरिबाला, वकील के भेष में आए लोग ले गए CCTV-NDTV EXCLUSIVE

ट्विशा शर्मा का दूसरा पोस्टमार्टम कब, शव कितने दिन तक कैसे रह सकता है सुरक्षित? फोरेंसिक एक्सपर्ट से जानिए -80 डिग्री का सच क्या?

Advertisement

Twisha Sharma Case: कोर्ट ने पति समर्थ को 7 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा, पासपोर्ट जमा करने का आदेश