Indore Contaminated Water Death: इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से मौत के मामले में शुक्रवार को सरकार ने स्टेटस रिपोर्ट पेश की. लगभग 15 पेज की रिपोर्ट में आधिकारिक तौर पर कहा गया है कि दूषित पानी पीने से चार लोगों की मौत हो गई है. रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि लगभग 200 लोग अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हैं, जिनमें से 35 इंटेंसिव केयर यूनिट में हैं.
इंदौर हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रितेश इनानी ने जनहित याचिका (PIL) दायर की थी, जिसमें पहली सुनवाई बुधवार को हुई. वहीं, दूसरी सुनवाई शीतकालीन अवकाश होने के चलते इंदौर में न होकर जबलपुर हाईकोर्ट में हुई. याचिका में रितेश इनानी ने भागीरथपुरा मामले में स्टेटस रिपोर्ट मांगी थी, ताकि यह पता चल सकते है कि दूषित पानी से कितने लोगों की जान गई और कितने लोग बीमार हुए.
...जबकि मौत का आंकड़ा 8-15 के बीच
सरकार की ओर से हाईकोर्ट में पेश हुई रिपोर्ट में बताया गया कि दूषित पानी से 4 लोगों की मौत की जानकारी है, जबकि आंकड़ा 8 से 15 है. इसके अलावा रिपोर्ट में मुआवजे की चेक डिटेल के बारे में भी कोई जानकारी नहीं है. इस मामले में आगे की सुनवाई 6 जनवरी को तय की गई है.
इन 12 लोगों ने अपनी जान गवा दी
- नंदलाल पाल (75 वर्ष)- आधिकारिक पुष्टि
- उर्मिला यादव- (60 वर्ष)- आधिकारिक पुष्टि
- उमा कोरी (31 वर्ष)
- मंजुला (74 वर्ष)
- ताराबाई कोरी (70 वर्ष)- आधिकारिक पुष्टि
- गोमती रावत (50 वर्ष)
- सीमा प्रजापत (50 वर्ष)
- संतोष बिगोलिया
- जीवन लाल बरेडे (80 वर्ष)
- अव्यान साहू (5 माह)
- शंकर भाया (70 वर्ष)
- गीता बाई धुरकर (60 वर्षीय)
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अब तक 12 की मौत, 200 से ज्यादा बीमार
भागीरथपुरा में अब तक दूषित पानी की वजह से 12 लोगों की मौत हो चुकी है, जिसमें सिर्फ चार लोगों की आधिकारिक पुष्टि है. इसके अलावा 200 से ज्यादा लोग बीमार हैं, जो अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती है. स्वास्थ्य विभाग टीमें घरों में जाकर सर्वे कर रही हैं. कई लोग बीमार मिल रहे हैं, जिनका घर पर ही इलाज हो रहा है और जिनकी हालत ज्यादा खराब है, उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है.
सीएम ने बुलाई बैठक, अपर आयुक्त को हटाया
वहीं, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने शाम को हाई लेवल मीटिंग बुलाई हैं. इस दौरान 16 नगर निगमों के महापौर, आयुक्त और कलेक्टर वर्चुअल बैठक में शामिल होंगे. साथ ही स्वास्थ्य, नगरीय प्रशासन और पीएचई विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक होगी. बैठक में देशभर में जल वितरण व्यवस्था की समीक्षा की जाएगी. सीएम ने इंदौर नगर निगम आयुक्त और अपर आयुक्त को इस संबंध में कारण बताओ नोटिस जारी किया है. साथ ही अपर आयुक्त को तत्काल इंदौर से हटाने के निर्देश दिए.
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