Morena Mining Mafia: बाहुबली खनन माफियाओं के खिलाफ टास्क फोर्स का एक्शन; हजारों ट्रॉली रेत पर हुई कार्रवाई

Illegal Mining Morena: राष्ट्रीय चंबल घड़ियाल अभ्यारण्य के 435 किलोमीटर क्षेत्र में रेत खनन और परिवहन पूरी तरह प्रतिबंधित है. यह क्षेत्र घड़ियाल, रिवर डॉल्फिन, कछुए और कई दुर्लभ जलीय जीवों का महत्वपूर्ण आवास है. वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार घड़ियालों की जीवन-प्रणाली में रेत की बड़ी भूमिका होती है, इसलिए यहां किसी भी तरह के खनन की अनुमति नहीं है.

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Morena Mining Mafia: बाहुबली खनन माफियाओं के खिलाफ टास्क फोर्स का एक्शन; हजारों ट्रॉली रेत पर हुई कार्रवाई

Morena Illegal Mining: मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में रेत माफियाओं (Sand Mafia Network) के नेटवर्क पर बड़ी संयुक्त कार्रवाई की गई है. टास्क फोर्स ने योजनाबद्ध तरीके से अभियान चलाते हुए अवैध रूप से जमा लगभग 1000 ट्रॉली रेत को नष्ट कर दिया है. अधिकारियों का कहना है कि देर शाम तक 5 हजार ट्रॉली रेत को मिट्टी में मिलाने का काम पूरा कर लिया जाएगा. यह कार्रवाई चंबल नदी के राजघाट क्षेत्र में की गई है, जहां 5 हजार से अधिक ट्रॉली रेत का अवैध भंडारण मिला था. इसकी अनुमानित कीमत डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है. मौके पर पुलिस, प्रशासन, वन विभाग और खनिज विभाग की संयुक्त टीम लगातार काम कर रही है. रेत को नष्ट करने के लिए छह से अधिक जेसीबी मशीनें लगाई गई हैं, जबकि और मशीनरी भी मंगाई जा रही है.

चंबल अभ्यारण्य में रेत खनन पूरी तरह प्रतिबंधित

राष्ट्रीय चंबल घड़ियाल अभ्यारण्य के 435 किलोमीटर क्षेत्र में रेत खनन और परिवहन पूरी तरह प्रतिबंधित है. यह क्षेत्र घड़ियाल, रिवर डॉल्फिन, कछुए और कई दुर्लभ जलीय जीवों का महत्वपूर्ण आवास है. वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार घड़ियालों की जीवन-प्रणाली में रेत की बड़ी भूमिका होती है, इसलिए यहां किसी भी तरह के खनन की अनुमति नहीं है.

इसके बावजूद बाहुबली माफिया लंबे समय से अवैध खनन और परिवहन कर रहे थे. राजघाट और आसपास के इलाकों में बड़े पैमाने पर अवैध रेत भंडारण की लगातार शिकायतें मिल रही थीं.

लगातार मिल रही शिकायतों और बढ़ते खनन को देखते हुए जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में हाल ही में टास्कफोर्स की बैठक हुई थी. इसमें राजघाट, कैंथरी, बरवासिन, गडोरा, गया का पुरा सहित कई घाटों पर अवैध खनन रोकने और जमा रेत को नष्ट करने की रणनीति तय की गई थी. निर्णय के बाद आज सुबह 5 बजे से अभियान शुरू किया गया. वन विभाग ने रेत भंडारण स्थलों को चिह्नित किया और पुलिस सुरक्षा के साथ संयुक्त टीम ने कार्रवाई शुरू की.

सैकड़ों अधिकारियों-कर्मचारियों की तैनाती

कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह के विरोध या हिंसा की आशंका को देखते हुए डेढ़ सौ से ज्यादा पुलिसकर्मी मौके पर तैनात किए गए हैं. वन विभाग के भी करीब 50 कर्मचारी, खनिज विभाग और राजस्व विभाग के अधिकारी स्थल पर मौजूद हैं.

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अब तक टास्कफोर्स सिर्फ 5 घंटे में 1000 ट्रॉली रेत नष्ट कर चुकी है. अधिकारियों का कहना है कि अवैध उत्खनन को रोकने के लिए यह अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा.

पुलिस और प्रशासन का मानना है कि इस तरह की लगातार और तेज कार्रवाइयों से रेत माफियाओं का नेटवर्क कमजोर होगा. विभागीय टीमें आने वाले दिनों में अन्य घाटों पर भी अभियान चलाने की तैयारी में हैं.

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