पैसे देकर MBBS में बच्चों को दिलाना चाहते हैं एडमिशन, तो पहले इस खबर को पढ़ लें, कैसे-कैसे लगाया जा रहा है चूना

MBBS Admission Case: आरोपी के झांसे में आकर फरियादी ने अलग-अलग किश्तों में कुल 28 लाख 75 हजार रुपए उसे दे दिए. परिवार को उम्मीद थी कि जल्द ही बेटे का मेडिकल कॉलेज में दाखिला हो जाएगा, लेकिन समय बीतता गया और आरोपी टालमटोल करता रहा.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins

MBBS Amission: मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के सागर (Sagar) जिले के मोतीनगर थाना क्षेत्र में मेडिकल एडमिशन के नाम पर बड़ी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है. आरोपी ने खुद को वकील और प्रभावशाली लोगों से जुड़ा बताकर एक आयुर्वेदिक डॉक्टर से लाखों रुपये ऐंठ लिए. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करने के बाद उसे गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

पीड़ित माधव गोविंद गुप्ता, जो पेशे से आयुर्वेदिक डॉक्टर हैं. उन्होंने पुलिस को बताया कि उनका बेटा वर्ष 2022 में मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रहा था. इसी दौरान उनकी मुलाकात दवा लेने आने वाले रामकुमार उपाध्याय से हुई. बातचीत के दौरान आरोपी ने खुद को वकील बताते हुए मेडिकल कॉलेजों में मजबूत संपर्क होने का दावा किया. साथ ही उसने भरोसा दिलाया कि वह कई छात्रों को पहले भी एमबीबीएस में एडमिशन दिला चुका है. लिहाजा, वह उनके बेटे का भी दाखिला करवा सकता है. इस काम के लिए उसने 25 से 30 लाख रुपये खर्च होने की बात कही.

 किस्तों में दिए गए 28.75 लाख रुपये

आरोपी के झांसे में आकर फरियादी ने अलग-अलग किश्तों में कुल 28 लाख 75 हजार रुपए उसे दे दिए. परिवार को उम्मीद थी कि जल्द ही बेटे का मेडिकल कॉलेज में दाखिला हो जाएगा, लेकिन समय बीतता गया और आरोपी टालमटोल करता रहा. इसी बीच युवक ने अच्छे अंक हासिल कर अपने दम पर नियमानुसार मेडिकल कॉलेज में प्रवेश पा लिया. इसके बाद जब परिवार ने आरोपी से अपनी रकम लौटाने को कहा, तो उसने साफ इंकार कर दिया.

पुलिस तक पहुंचा मामला, आरोपी गिरफ्तार

अपने साथ हुई ठगी का एहसास होने पर पीड़ित ने मोतीनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने जांच के दौरान आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज किया. तकनीकी साक्ष्य और पूछताछ के आधार पर रामकुमार उपाध्याय को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया.

Advertisement

यह भी पढ़ें- Chhattisgarh Congress: छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष चयन के लिए कांग्रेस पार्टी में मंथन शुरू, जानें- किन चेहरों की है चर्चा

इस पूरे मामले पर सीएसपी ललित कुमार कश्यप ने बताया कि हो सकता कि आरोपी ने और भी लोगों को इसी तरह झांसा दिया होगा. मामले की विस्तृत जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि ठगी का दायरा कितना बड़ा है.

Advertisement

Topics mentioned in this article