50% मुआवजा राशि दो! सीधी में लोकायुक्त रीवा की बड़ी कार्रवाई; एक लाख की रिश्वत लेते भू-अर्जन कर्मचारी गिरफ्तार

Lokayukta Rewa Action: लोकायुक्त रीवा ने सीधी में भू-अर्जन कर्मचारी भूपेंद्र पांडे को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया. आरोपी मुआवजा भुगतान के बदले 13 लाख रुपये (50%) की मांग कर रहा था. पहले भी ले चुका था 1 लाख. EOW की आय से अधिक संपत्ति जांच भी लंबित.

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Lokayukta Action: 50% मुआवजा राशि दो! सीधी में लोकायुक्त रीवा की बड़ी कार्रवाई; एक लाख की रिश्वत लेते भू-अर्जन कर्मचारी गिरफ्तार

Lokayukta Rewa Action Land Acquisition Officer Bribery: सीधी जिले की भू-अर्जन शाखा में पदस्थ भूपेन्द्र पांडेय को लोकायुक्त रीवा की टीम ने एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया. कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है. पहले भी ले चुका था 1 लाख, कुल मांग 13 लाख फरियादी की जमीन फोरलेन सड़क निर्माण परियोजना में अधिग्रहित हुई थी. मुआवजा राशि जारी करने के बदले आरोपी कर्मचारी द्वारा करीब 13 लाख रुपये, यानी कुल 50% हिस्सा रिश्वत के रूप में मांगा जा रहा था.

Lokayukta Rewa Action: भू-अर्जन अधिकारी पर एक्शन

पहले ही ले चुका था 1 लाख, दूसरी किश्त लेते ही कार्रवाई

फरियादी की जमीन फोरलेन सड़क परियोजना में अधिग्रहित हुई थी. आरोपी ने मुआवजा भुगतान के लिए पहले ही 1 लाख रुपये ले लिए थे और शेष राशि के लिए लगातार दबाव बना रहा था. पीड़ित ने लोकायुक्त एसपी से शिकायत की, जिसके बाद टीम ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप किया और तय राशि लेते समय आरोपी को धर दबोचा.

सर्किट हाउस में कार्रवाई, आरोपी हिरासत में

ट्रैप के दौरान आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी की गई. भूपेंद्र पांडे को मौके पर हिरासत में लिया गया है और सर्किट हाउस में आगे की कार्रवाई जारी है. लोकायुक्त ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है.

EOW ने पहले भी मारा था छापा

आरोपी के घर पिछले वर्ष EOW ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में छापा मारा था. संदिग्ध रूप से अधिक संपत्ति मिलने पर प्रकरण पंजीबद्ध किया गया था, इसके बावजूद आरोपी कथित रूप से रिश्वतखोरी जारी रखे हुए था.

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मूल पद शिक्षक, प्रतिनियुक्ति पर परियोजना अधिकारी और भू-अर्जन अधिकारी बना

भूपेंद्र पांडे मूल रूप से शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अमरबांहा में शिक्षक हैं. प्रतिनियुक्ति से जिला पंचायत में परियोजना अधिकारी बने और इसके साथ ही भू-अर्जन अधिकारी का पद भी हासिल कर लिया. मुआवजा निर्धारण में वह सीधे 1–2% नहीं बल्कि 50% तक की रिश्वत मांगने की शिकायतें सामने आती रहीं.

फरियादी सरोज तिवारी की शिकायत पर ट्रैप

शिकायतकर्ता सरोज तिवारी की शिकायत पर लोकायुक्त पुलिस ने कार्रवाई की. आरोपी को एक लाख रुपये की दूसरी किश्त लेते समय पकड़ा गया. मांग करीब 13 लाख रुपये की बताई जा रही है.

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