पटना-पुणे एक्सप्रेस में कथित मानव तस्करी मामले ने लिया नया मोड़,  'पढ़ाई करने मदरसे जा रहे थे बच्चे'

Human Trafficking Case: मामले में स्थानीय मुस्लिम समाजसेवियों ने कड़ी आपत्ति जताई है. उन्होंने कहा कि बच्चे रमजान की छुट्टी के बाद मदरसों में पढ़ाई के लिए जाते हैं. इसी कड़ी में ये बच्चे पढ़ाई के लिए मदरसे जा रहे थे, लेकिन कटनी में जिस तरह से बच्चों को उतारा गया है, इससे किसी साजिश की आशंका हो सकती हैं.

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Maharashtra Madrasa Students: पटना-पुणे एक्सप्रेस (Patna-Pune Express) के जरिए 163 बच्चों के कथित मानव तस्करी के मामले में नया मोड़ आ गया है. दरअसल, रविवार को कटनी के मुस्लिम समाज से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता जीआरपी थाना पहुंचे और उन्होंने इन बच्चों की हिरासत पर आपत्ति जताई. उन्होंने बताया ये कि बच्चे रमजान की छुट्टी के बाद मदरसों में पढ़ाई के लिए जाते हैं. इसी कड़ी में ये बच्चे पढ़ाई के लिए मदरसे जा रहे थे, लेकिन कटनी में जिस तरह से बच्चों को उतारा गया है, इससे किसी साजिश की आशंका हो सकती हैं.

पटना-पुणे एक्सप्रेस से जा रहे 163 बच्चों को ले जाने पर मानव तस्करी के आरोप में 8 लोगों पर जीआरपी ने मामला दर्ज किया है, जिल पर अब स्थानीय मुस्लिम समाजसेवियों ने विरोध जताया है.  गौरतलब है कि पटना से पुणे जा रही ट्रेन में शनिवार को कटनी जंक्शन में 167 बाल कल्याण समिति ने इन बच्चों का रेस्क्यू किया था, जिसमें प्रारंभिक पूछताछ के बाद बच्चों को ले जाने वाले 8 लोगों पर मानव तस्करी के आरोप में जीआरपी ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की है.

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मुस्लिम समाज ने पूरे मामले को बताया साजिश

वहीं, मामले में स्थानीय मुस्लिम समाजसेवियों ने कड़ी आपत्ति जताई है. उन्होंने कहा कि बच्चे रमजान की छुट्टी के बाद मदरसों में पढ़ाई  के लिए जाते हैं. इसी कड़ी में वह पढ़ाई के लिए मदरसा जा रहे थे, लेकिन कटनी में जिस तरह से बच्चों को उतारा गया है, इससे किसी साजिश की आशंका नजर आ रही है. स्थानीय समाजसेवी महरूफ़ अहमद ने बताया कि डेढ़ सौ से ज्यादा बच्चे जो पढ़ाई के लिए महाराष्ट्र स्थित मदरसा जा रहे थे. उन्हें पटना एक्सप्रेस से यहां उतर लिया गया. इस दौरान बच्चे यहां भूखे-प्यासे घंटों बैठे थे. इस बीच 80 बच्चों को जबलपुर शिफ्ट कर दिया गया और  83 बच्चों को कटनी के जीआरपी थाने में शिफ्ट किया गया, जिसको सीडब्ल्यूसी देखेगी. उन्होंने आगे कहा कि इस मामले में तरह-तरह की बातें हो रही है कि मानव तस्करी की जा रही है. बच्चों को जो गाइड बनकर बिहार से महाराष्ट्र के लिए लेकर जा रहे थे. उनपर मामला दर्ज दिया गया है, जिसमें कही न कही साजिश की बू आ रही है. लिहाजा, इस मामले को लेकर कटनी शहर के सभी सामाजिक लोग कानूनी लड़ाई लड़ेंगे, जिन्होंने भी गलत किया है, वह भी कही न कही इसको भोगेंगे. कुदरत के यहां देर है, अंधेर नहीं.

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वहीं, इस पूरे मामले पर जीआरपी के डीएसपी विजय गौठरिया ने बताया कि बाल कल्याण समिति कटनी के सदस्य दुर्गेश मरैया की शिकायत पर पटना -पुणे एक्सप्रेस से मजदूरी के लिए जा रहे 163 बच्चों को ले जा रहे थे, जिन्हें यहां उतारा गया. इसके साथ ही बच्चों को ले जा रहे 8 लोगों पर अवैध मानव तस्करी का मामला दर्ज किया गया है. मामले में जांच की जा रही है. आरोपियों पर 142(4) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया है.

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