Mahashivratri Festival 2026: टीकमगढ़ जिले के मातृ धाम छिपरी में इस बार महाशिवरात्रि का उत्सव पूरे श्रद्धा और भव्यता के साथ मनाया जाएगा. 9 फरवरी से 15 फरवरी तक चलने वाले इस आयोजन में धार्मिक अनुष्ठानों के साथ‑साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे. आयोजन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है.
रविशंकर महाराज के सानिध्य में आयोजन
छिपरी धाम में यह विशाल महाशिवरात्रि उत्सव अनंत श्री विभूषित श्री रविशंकर महाराज (रावतपुरा सरकार) के सानिध्य में आयोजित किया जा रहा है. लिधोरा स्थित छिपरी धाम में होने वाले इस आयोजन को लेकर महाराज ने प्रेस वार्ता के दौरान मीडिया को इसकी रूपरेखा की जानकारी दी और आयोजन को सफल बनाने में सहयोग की अपील की.
9 से 15 फरवरी तक चलेगा महोत्सव
रविशंकर महाराज ने बताया कि यह आयोजन 9 फरवरी से 15 फरवरी तक चलेगा. इन सात दिनों में श्रद्धालुओं के लिए विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे पूरा छिपरी धाम शिवभक्ति में डूबा रहेगा. महाशिवरात्रि उत्सव का आयोजन श्री रावतपुरा सरकार लोककल्याण ट्रस्ट द्वारा किया जा रहा है. ट्रस्ट की ओर से आयोजन की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो.
भागवत कथा और 24 घंटे महा रुद्राभिषेक
आयोजन के दौरान प्रतिदिन कथावाचिका साध्वी पीतांबरा दीदी (वृंदावन) द्वारा श्रीमद्भागवत कथा का वाचन किया जाएगा. वहीं 15 फरवरी तक प्रतिदिन सुबह 8 बजे से 24 घंटे तक महा रुद्राभिषेक का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में भक्त शामिल होंगे.
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी रहेगी धूम
धार्मिक आयोजनों के साथ‑साथ विभिन्न दिनों में सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे. इनमें प्रसिद्ध कलाकार लखबीर सिंह लखा, पवनदीप राजन, कविता शर्मा, मुस्कान प्रजापति सहित अन्य कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे. इससे आयोजन और भी आकर्षक बन जाएगा.
लाखों श्रद्धालुओं के आने की संभावना
आयोजकों के अनुसार, इस महाशिवरात्रि उत्सव में लाखों की संख्या में श्रद्धालु छिपरी धाम पहुंच सकते हैं. आयोजन श्री शारदा माता मंदिर परिसर, छिपरी धाम में होगा. भक्तों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं कर ली गई हैं.
श्रद्धा और भक्ति से सराबोर रहेगा छिपरी धाम
9 से 15 फरवरी तक छिपरी धाम में शिवभक्ति, भजन‑कीर्तन, कथा और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का अनोखा संगम देखने को मिलेगा. यह महाशिवरात्रि उत्सव न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बनेगा, बल्कि पूरे क्षेत्र को भक्ति के रंग में रंग देगा.