Big Action: कलेक्टर-SP ने खुद दे दी दबिश, गड़बड़ी मिली तो 14 राइस मिल को कर दिया सील, मचा हड़कंप  

Chhattisgarh News: मुंगेली जिले में कस्टम मिलिंग में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर प्रशासन ने एक बड़ी कार्ऱवाई की है. आइए जानते हैं... 

विज्ञापन
Read Time: 3 mins

Chhattisgarh News: छ्त्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के राइस मिलर्स के बीच उस वक्त हड़कंप मच गया, जब राइस मिल की जांच करने के लिए कलेक्टर और एसपी खुद ही निकल पड़े. कई राइस मिलों में जब अचानक दबिश दी तो कई गड़बड़ियां सामने आईं. ऐसे में बड़ी कार्ऱवाई करते हुए 14 राइस मिलों को सील करने की कार्रवाई की गई है. 12 हजार क्विंटल से अधिक धान भी जब्त किया गया है. 

मुंगेली जिले के कलेक्टर कंदन कुमार, एसपी भोजराम पटेल, जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पाण्डेय, अपर कलेक्टर जी.एल. यादव सहित राजस्व, पुलिस एवं खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने विभिन्न राइस मिलों का औचक निरीक्षण किया. राईस मिलों के जांच में ओवरलोडिंग, रिसायक्लिंग और कस्टम मिलिंग में गंभीर गड़बड़ियां पकड़ में आई. 

Advertisement

12 हजार क्विंटल से ज्यादा धान जब्त

जांच की कार्रवाई में उपलेटा राइस मिल, नवागांव घुठेरा रोड स्थित नेशनल दाल मिल, पंडरिया रोड स्थित वर्धमान मिलिंग इंडस्ट्रीज, जैन राइस इंडस्ट्रीज और नवकार दाल उद्योग में कस्टम मिलिंग में अनियमितता पाई गई. जहां से 12 हजार क्विंटल से अधिक धान जब्त किया गया. नवागढ़ रोड स्थित दीपक राइस इंडस्ट्रीज एवं दीपक मिलिंग इंडस्ट्रीज में 198 क्विंटल से अधिक और लोरमी रोड स्थित एसएस फूड में 1761 क्विंटल से अधिक धान की कमी पाई गई.

जिला खाद्य अधिकारी ने बताया कि छत्तीसगढ़ चावल उपार्जन आदेश एवं मोटर वाहन अधिनियम के तहत कुल 19 राइस मिलों पर कार्रवाई की जा रही है, जिनमें से 14 राइस मिलों को सील किया जा चुका है.

राज्य शासन के निर्देशानुसार खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में समितियों से मिलर्स द्वारा धान उठाव की प्रक्रिया संचालित की जा रही है, जिसकी निगरानी के लिए आईसीसीसी कमांड सेंटर स्थापित किया गया है. इसके माध्यम से धान परिवहन में लगे वाहनों को जीपीएस से ट्रैक किया जा रहा है. वाहन के निर्धारित मार्ग से विचलन, लंबे समय तक एक स्थान पर ठहराव या निर्धारित क्षमता से अधिक धान परिवहन की स्थिति में अलर्ट जारी होता है, जिसकी जिला स्तर पर जांच की जाती है.

सघन जांच की जा रही है

धान के अवैध भंडारण एवं परिवहन को रोकने जिले की सीमाओं एवं चेक पोस्टों पर चौकसी बढ़ाई गई है. आंतरिक चेक पोस्टों पर भी टीमों की तैनाती कर रात्रिकालीन गश्त और संदिग्ध वाहनों की सघन जांच की जा रही है. कोचियों एवं बिचौलियों के माध्यम से अवैध धान खपाने की गतिविधियों पर रोक के लिए जिले में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के माध्यम से खरीदी, भंडारण एवं परिवहन की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जा रही है. कलेक्टर कुन्दन कुमार कहा कहना है कि धान खरीदी में पारदर्शिता जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है. किसी भी स्तर पर गड़बड़ी, फर्जीवाड़ा या बिचौलियों की भूमिका पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी.

Advertisement

ये भी पढ़ें IPS Success Story: "गरीबी ऐसी कि सब्जी में ज्यादा मिर्च डालकर खाते..." रुला देगी इस IPS अफसर के संघर्ष की कहानी

Topics mentioned in this article