Balod News: बालोद जिला मुख्यालय के सरदार पटेल मैदान में आयोजित कुर्मी क्षत्रिय समाज के वार्षिक सम्मेलन में प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल शामिल हुए. सम्मेलन में बड़ी संख्या में समाजजन मौजूद रहे और कार्यक्रम पूरे उत्साह के साथ संपन्न हुआ.
इस दौरान भूपेश बघेल ने मंच से जहां सामाजिक एकता, परंपरा और समाज के संगठनात्मक विकास की बात कही. वहीं, उन्होंने धान खरीदी व्यवस्था और धान से भरे ट्रकों के गायब होने के मुद्दे पर भाजपा सरकार को कटघरे में खड़ा कर दिया.
धान खरीदी पर सरकार की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
इस मौके पर मंच से संबोधन के दौरान भूपेश बघेल का आक्रामक तेवर भी देखने को मिला. उन्होंने धान खरीदी में किसानों को हो रही परेशानियों का मुद्दा उठाते हुए कहा कि सरकार की व्यवस्था पूरी तरह लड़खड़ा गई. उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को समय पर सुविधा नहीं मिल रही, धान उठाव और खरीदी प्रक्रिया में गड़बड़ी है और इसका सीधा नुकसान अन्नदाता को हो रहा है.
“धान से भरे ट्रक हो रहे गायब”
भूपेश बघेल ने दावा किया कि बालोद से धान से भरे ट्रक गायब हो रहे हैं और कई दिनों बाद जंगल में मिल रहे हैं. उन्होंने इसे बेहद गंभीर मामला बताया और कहा कि इस तरह की घटनाएं साफ संकेत देती हैं कि या तो निगरानी कमजोर है या फिर व्यवस्था में बड़ी गड़बड़ी चल रही है. पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि धान खरीदी जैसे संवेदनशील सिस्टम में इस तरह की घटनाएं किसानों के भरोसे पर चोट करती हैं.
“30 करोड़ का धान चूहा खा गया”
भूपेश बघेल ने सरकार के दावों पर तंज कसते हुए कहा कि अब सरकार यह कह रही है कि 30 करोड़ रुपये का धान चूहा खा गया. उन्होंने कहा कि यह बयान खुद बता रहा है कि सिस्टम किस हाल में है. उनका कहना था कि अगर धान सुरक्षित नहीं है, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी है. यह सीधे तौर पर सरकारी व्यवस्था की विफलता को दर्शाता है.
“30% किसान लाभ से हो सकते हैं वंचित”
मीडिया से चर्चा के दौरान भूपेश बघेल ने आशंका जताई कि इस बार तय समय पर धान खरीदी पूरी नहीं हो पाएगी. उन्होंने कहा कि यदि स्थिति ऐसी ही रही, तो लगभग 30 प्रतिशत किसान धान खरीदी का लाभ समय पर नहीं ले पाएंगे. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों और लापरवाही का असर किसानों पर पड़ रहा है और वे लगातार परेशान हैं.
“किसानों को कमजोर करने की नीति पर सरकार”
भूपेश बघेल ने भाजपा सरकार पर यह आरोप भी लगाया कि सरकार जानबूझकर किसानों को कमजोर करने की नीति पर काम कर रही है. उन्होंने कहा कि इसका खामियाजा सीधे किसानों को भुगतना पड़ रहा है, जबकि किसान ही प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है.
यह भी पढ़ें- कागजों में चमक रहा है 43 लाख का मिनी स्टेडियम, हकीकत में बन चुका है खंडहर, लगों में बढ़ा आक्रोश
सम्मेलन के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने समाज की ओर से आयोजित आदर्श विवाह कार्यक्रम में भाग लिया. उन्होंने दो नवविवाहित जोड़ों को मंच पर आशीर्वाद दिया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की. कार्यक्रम में समाज के प्रतिभावान लोगों को भी सम्मानित किया गया. इस अवसर पर भूपेश बघेल ने कहा कि ऐसे आयोजन समाज को जोड़ने और नई पीढ़ी को संस्कारों से जोड़ने का काम करते हैं.
यह भी पढ़ें- नक्सलियों के मारे जाने से हड़कंप! 8 लाख की इनामी उषा दीदी के घर में दहशत, मां ने कहा-बंदूक छोड़ घर लौट आओ