MP Fertilizer Crisis: एमपी में बढ़ते खाद संकट और एक किसान की मौत के बाद सरकार हरकत में आ गई है. किसानों को राहत देने के लिए प्रशासन ने बड़े कदम उठाए हैं. अब प्रदेश में खाद वितरण केंद्रों में काउंटरों की संख्या एक ही दिन में 15 से बढ़कर 33 हो गई है. इसके साथ ही किसानों को मिलने वाली यूरिया की सीमा 5 से बढ़ाकर 10 बैग कर दी गई है.
केन्द्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया एमपी खाद संकट की स्थिति पर लगातार नज़र बनाए हुए हैं और कार्रवाई कर रहे हैं. सिंधिया के निर्देश पर खाद वितरण केंद्र अब शनिवार को भी खुलेंगे और सुबह 6 बजे से खाद वितरण शुरू होगा.
खाद वितरण केंद्र पर सिंधिया ने औचक निरीक्षण किया
शुक्रवार को नई सराय और आज बागेरी के खाद वितरण केंद्र पर सिंधिया ने औचक निरीक्षण किया. उन्होंने व्यवस्था की वास्तविक स्थिति जानने के लिए सभी केंद्रों से फोटो और वीडियो मंगाकर लाइव समीक्षा की.
सिंधिया ने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि किसानों को अब लंबी लाइनों में घंटों खड़ा नहीं होना पड़े. उनके निर्देश के बाद ही कलेक्टर ने यूरिया की सीमा बढ़ाकर 10 बैग लागू की. इस निर्णय से किसानों को तत्काल राहत मिली और भीड़ का दबाव घटा.
सिंधिया ने सुनी किसानों की समस्याएं
आज सिंधिया अचानक बागेरी खाद वितरण केंद्र पहुंचे. उन्होंने किसानों से सीधे बात की, उनकी परेशानियों को सुना और वितरण प्रक्रिया को स्थल पर खड़े होकर देखा. इसके पहले शुक्रवार को भी उन्होंने नई सराय केंद्र का निरीक्षण किया था और सभी केंद्रों की मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए थे.
मृत किसान महिला के परिजन से मिले सिंधिया
आज केंद्रीय मंत्री सिंधिया मृतक किसान महिला भूरिया बाई के परिजनों से भी मिले. उन्होंने परिवार को ढांढस बंधाया और कहा- “मैंने अपने परिवार का एक सदस्य खो दिया है.”
सिंधिया ने तत्काल प्रभाव से परिजन को सीएम रिलीफ फंड से 2 लाख रुपए और मृत्यु प्रमाणपत्र उपलब्ध कराया. उन्होंने पूर्व मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदिया और कलेक्टर को परिवार के घर भेजकर सहायता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए. इसी मामले में मृतका के परिवार से मृत्यु प्रमाणपत्र को लेकर अभद्र व्यवहार करने वाले क्लर्क महेन्द्र सिंह जाटव को सिंधिया के निर्देश पर तुरंत निलंबित किया गया है.