मंडला में नसबंदी के नाम पर बड़ा खेला; सैकड़ों कुत्तों के ऑर्गन बरामद, जानिए कैसे हुआ ये घोटाला?

Dog Sterilization Case: मंडला नगर पालिका में नसबंदी के नाम पर बड़ा घोटाला सामने आया है. रिकॉर्ड में 6 कुत्ते, लेकिन बंद कमरे से सैकड़ों ऑर्गन बरामद, जांच जारी. पढ़िए पूरी खबर.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
मंडला में सनसनी: नसबंदी के नाम पर बड़ा खेल, सैकड़ों कुत्तों के ऑर्गन बरामद

Dog Sterilization Scam: मध्य प्रदेश के मंडला जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने नगर पालिका की कार्यप्रणाली और पशु कल्याण व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. आवारा कुत्तों की नसबंदी के नाम पर चल रहे एक कथित खेल का खुलासा तब हुआ, जब जांच के दौरान एक बंद कमरे से सैकड़ों कुत्तों के संदिग्ध अंग बरामद किए गए. हैरानी की बात यह है कि नगर पालिका के रिकॉर्ड में अब तक केवल छह कुत्तों की नसबंदी दर्ज है, जबकि मौके से सैकड़ों ऑर्गन मिलने का दावा किया जा रहा है. इस खुलासे के बाद पूरे शहर में हड़कंप मचा हुआ है.

नसबंदी योजना को लेकर बड़ा विवाद

मंडला नगर पालिका में आवारा कुत्तों की नसबंदी को लेकर लंबे समय से सवाल उठ रहे थे. पशु प्रेमी निशा सिंह की शिकायत के बाद प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच टीम का गठन किया. जांच टीम जब मौके पर पहुंची तो एक बंद कमरे का ताला तोड़कर भीतर प्रवेश किया गया.

Advertisement

Dog Sterilization Scam: कुत्तों की नसबंदी का मामला

बंद कमरे से सैकड़ों संदिग्ध ऑर्गन बरामद

जांच के दौरान कमरे के भीतर बड़ी मात्रा में संदिग्ध कुत्तों के अंग पाए गए. शुरुआती जानकारी के मुताबिक, मौके से मेल कुत्तों के 518 से अधिक और फीमेल कुत्तों के 277 से अधिक ऑर्गन बरामद किए गए हैं. यह आंकड़ा नगर पालिका के आधिकारिक रिकॉर्ड से पूरी तरह मेल नहीं खाता.

रिकॉर्ड में सिर्फ 6 नसबंदी, सवालों में घिरा सिस्टम

नगर पालिका के दस्तावेजों के अनुसार अब तक महज छह कुत्तों की नसबंदी की पुष्टि की गई है. ऐसे में यह सबसे बड़ा सवाल बनकर उभरा है कि जब रिकॉर्ड में नसबंदी ही नहीं हुई, तो इतनी बड़ी संख्या में कुत्तों के ऑर्गन आखिर आए कहां से?

दो कंटेनरों में ऑर्गन

प्रशासनिक अधिकारियों की निगरानी में दो कंटेनरों में रखे गए ऑर्गन की गिनती की गई. बताया जा रहा है कि कमरे में रखे अंगों की कुल संख्या इससे भी अधिक हो सकती है. इस पूरी कार्रवाई के दौरान राजस्व विभाग, नगर पालिका और पुलिस की संयुक्त टीम मौके पर मौजूद रही.

नसबंदी टेंडर में अनियमितता के आरोप

मामले के सामने आने के बाद नसबंदी से जुड़े टेंडर पर भी सवाल उठने लगे हैं. आरोप है कि टेंडर प्रक्रिया में भारी अनियमितता और लापरवाही बरती गई. अब इस पहलू की भी अलग से जांच की जा रही है.

Advertisement

पहले भी की गई थी शिकायत, नहीं हुई सुनवाई

शिकायतकर्ता के अनुसार इस मामले को पहले भी जिला प्रशासन के सामने उठाया गया था. कलेक्टर, एसपी और नगर पालिका अधिकारियों को भी जानकारी दी गई थी, लेकिन तब कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. इसके बाद शिकायतकर्ता ने भोपाल तक गुहार लगाई, जिसके बाद मंडला प्रशासन हरकत में आया और यह बड़ा खुलासा सामने आया.

जांच जारी, दोषियों पर कार्रवाई की उम्मीद

फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है. प्रशासन का कहना है कि सभी तथ्यों की गहराई से पड़ताल की जा रही है और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. हालांकि आम लोगों और पशु प्रेमियों के मन में अब भी सवाल है कि बेजुबान जानवरों के नाम पर यह खेल कब से चल रहा था और क्या इस बार सच में जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी.

Advertisement

यह भी पढ़ें : Ladli Behna Yojana: अप्रैल में भी मिलेंगे 1500 रुपये, जानिए कब आएगी लाड़ली बहना योजना की 35वीं किस्त?

यह भी पढ़ें : खाद की कीमतें नहीं बढ़ेंगी; कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान बोले- ‘फॉर्मर आईडी' से रोकी जाएगी कालाबाजारी

यह भी पढ़ें : MP Weather Update: मध्यप्रदेश में मौसम शुष्क, अगले 5 दिन में 3‑5 डिग्री बढ़ेगा तापमान

यह भी पढ़ें : 14 महीनों में 149 तेंदुओं की मौत; RTI में बड़ा खुलासा, टाइगर स्टेट क्यों बन रहा तेंदुए का 'कब्रिस्तान' जानिए