Indore Fire Incident 2026: इंदौर में बुधवार तड़के एक भीषण अग्निकांड ने शहर को हिला दिया. बताया गया कि बंगाली चौराहा स्थित ग्रेटर बृजेश्वरी कॉलोनी में इलेक्ट्रिक वाहन (EV) चार्जिंग के दौरान स्पार्किंग हुई और देखते ही देखते आग फैल गई. हादसा इतना भयावह था कि आठ लोगों की मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं. घटना पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गहरी संवेदना जताते हुए कहा कि इलेक्ट्रॉनिक दरवाजे और डिजिटल लॉक सुरक्षा तो देते हैं, लेकिन कभी-कभी संकट भी बन जाते हैं. उन्होंने अधिकारियों को व्यवस्थित जांच के सख्त निर्देश दिए हैं और कहा है कि ऐसी घटनाओं को रोकने और जागरूकता बढ़ाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे.
सीएम यादव ने दी प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सुबह हुई इस घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि इलेक्ट्रॉनिक दरवाजे और डिजिटल लॉक जैसी सुविधाएं सुरक्षा के लिए उपयोगी हैं, लेकिन कई बार आपात स्थिति में बाधा भी बनती हैं. उन्होंने यह भी कहा कि सरकार की टीमें ऐसी चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार हैं. सीएम के मुताबिक, इंदौर भेजी गई विशेष टीम कारणों की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी, ताकि आगे के लिए बेहतर सुरक्षा मानक तय किए जा सकें.
EV चार्जिंग के दौरान स्पार्किंग से लगी आग
हादसा बुधवार तड़के करीब 4 बजे हुआ. जानकारों के अनुसार, आग की शुरुआत इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग के दौरान स्पार्किंग से हुई और वह तेजी से फैल गई. घर में हाल ही में शादी हुई थी, जिसके कारण कुछ मेहमान भी मौजूद थे. इसी वजह से प्रभावित लोगों की संख्या बढ़ गई. इस घटना ने एक बार फिर EV चार्जिंग से जुड़े सुरक्षा प्रोटोकॉल और आपातकालीन निकासी व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
बच्चों समेत कई जिंदगियां गईं
इस दर्दनाक हादसे में परिवार के 10 सदस्य प्रभावित हुए, जिनमें 12 साल की बच्ची राशि और 6 साल का मासूम तन्मय भी शामिल थे. अभी तक आठ लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि दो की हालत गंभीर बताई जा रही है. इलाके में शोक का माहौल है, लोग सदमे में हैं और घटना की भयावहता से उबरना मुश्किल हो रहा है.
जांच टीम रवाना, मांगी गई रिपोर्ट
घटना के बाद प्रशासन हरकत में आया. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को व्यवस्थित और तथ्यात्मक जांच के निर्देश दिए हैं. एक टीम इंदौर भेजी गई है, जो घटनास्थल का निरीक्षण कर तकनीकी वजहों, सुरक्षा चूक और आपातकालीन प्रतिक्रिया की कमियों का आकलन करेगी. सरकार ने साफ किया है कि जो भी जिम्मेदार होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई तय है.
विपक्ष का सवाल: क्या सुरक्षा मानक पर्याप्त?
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इस हादसे को बेहद दर्दनाक बताते हुए EV चार्जिंग से जुड़े कड़े सुरक्षा मानकों की मांग की है. उन्होंने पूछा कि जब सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा दे रही है, तो क्या जमीन पर पर्याप्त गाइडलाइंस और जागरूकता मौजूद हैं? साथ ही उन्होंने उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय करने पर जोर दिया है. अंत में, उन्होंने दिवंगत आत्माओं की शांति और परिवारों को इस असहनीय दुख को सहने की शक्ति मिलने की प्रार्थना की.