मध्य प्रदेश के दतिया विधानसभा सीट के लिए हुए उपचुनाव के नतीजे आने में सिर्फ आज का दिन बाकी है. इसी बीच कांग्रेस और भाजपा की ओर से अपनी जीत के दावे किए जा रहे हैं. 3 अगस्त की दोपहर तक पता चल जाएगा कि जनता ने इस बार किसे बहुमत दिलाया है. दतिया विधानसभा सीट पर उपचुनाव सिर्फ चुनाव भर नहीं रह गया था, यह दोनों बड़े राजनीतिक दल के लिए प्रतिष्ठा का दांव बन गया है.
विधानसभा चुनावों के दौरान भाजपा यह सीट हार गई थी, लेकिन उपचुनाव में भाजपा को यह सीट अपने नाम करने का दोबारा मिला, जिसके लिए पार्टी ने चुनाव-प्रचार में कोई कसर नहीं छोड़ी. वहीं, कांग्रेस विधानसभा चुनाव में अपनी जीती हुई सीट को उपचुनाव में खोना नहीं चाहेगी.
सीएम से लेकर केंद्रीय मंत्री तक मैदान में उतरे
उपचुनाव का ऐलान होने के बाद सीएम ने खुद ही भाजपा के लिए कमान संभाली. दतिया सीट पर प्रत्याशी के तौर पर दावेदार माने जा रहे नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष तिवारी को टिकट दिया गया. इसके बाद मध्य प्रदेश भाजपा का पूरा खेमा चुनाव प्रचार के लिए उतर गया. मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव भी मैदान में उतरे और रोड शो किया. इनके अलावा केंद्रीय मंत्री व पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान और ज्योतिरादित्य सिंधिया ने भी जनसभाएं की थी. एमपी के भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने भी क्षेत्र में जनसंपर्क बढ़ाया.
दतिया उपचुनाव बीजेपी के लिए यह 2023 की हार का हिसाब बराबर करने का मौका था, जबकि कांग्रेस के सामने अपनी जीती हुई सीट बचाने की चुनौती है. अब सोमवार को आने वाला परिणाम से साफ हो जाएगा कि कौन विधायक बनने वाला है.
कांग्रेस की ओर भी उतरी टीम
2023 के विधानसभा चुनावों में यह सीट कांग्रेस के खाते में आई थी. तब कांग्रेस के उम्मीदवार के तौर पर राजेंद्र भारती ने राज्य के तत्कालीन गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को परास्त किया था. यहां से हारना भाजपा के लिए बड़ा झटका था. वहीं, इस बार कांग्रेस ने घनश्याम सिंह को मैदान में उतारा. कांग्रेस भी यह सीट गंवाना नहीं चाहेगी. उपचुनाव के प्रचार में कांग्रेस की ओर से प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार और पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने भी रैली की. चुनाव प्रचार के अंतिम दिन कांग्रेस ने शक्ति प्रदर्शन किया था.
कुल 21 उम्मीदवार मैदान में
दतिया सीट पर मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के आशुतोष तिवारी और कांग्रेस के घनश्याम सिंह के बीच माना जा रहा है. आजाद समाज पार्टी ने दामोदर सिंह यादव को मैदान में उतारा है, जो मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने का प्रयास कर रहे हैं. इनके अलावा 18 अन्य उम्मीदवार भी चुनाव मैदान में हैं.
71.44 प्रतिशत पड़ा मतदान
दतिया विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए गुरुवार को शांतिपूर्वक 71.44 प्रतिशत मतदान हुआ था. वहीं, वर्ष 2023 में 80.20 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था. उपचुनाव के बाद इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) को सशस्त्र सुरक्षाबलों की निगरानी में पॉलीटेक्निक कॉलेज स्थित स्ट्रांग रूम में सुरक्षित रख दिया गया, जो 24 घंटे सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षा बल के घेरे में है.
ऐसे खाली हुई दतिया सीट
दरअसल, दिल्ली के राउज एवेन्यू जिला न्यायालय ने इसी साल 2 अप्रैल को तत्कालीन दतिया से कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती के खिलाफ अपराध सिद्ध होने के बाद तीन वर्ष का कारावास और 1 लाख रुपये के अर्थदंड से दंडित किया था. यह सजा को-ऑपरेटिव बैंक घोटाला मामले में सुनाई गई थी. सजा मिलने के बाद मध्य प्रदेश विधानसभा सचिवालय की ओर से राजेंद्र भारती की विधानसभा की सदस्यता समाप्त करने की सूचना जारी कर दी, जिसके बाद दतिया विधानसभा रिक्त हो गई.
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