Congress Committee protest in Indore: इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पेयजल से हुई मौतों के पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए आज इंदौर शहर कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में राजवाड़ा पर मां अहिल्या की प्रतिमा के समक्ष विशाल धरना आयोजित किया गया. दो घंटे चले इस धरने में बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता-कार्यकर्ता, सामाजिक संगठन और शहरवासी शामिल हुए. विशेष रूप से भागीरथपुरा की 32 मौतों के पीड़ित परिजन मौजूद रहे.
'मुख्यमंत्री स्वास्थ्य मंत्री से न पूछते हैं, न इस्तीफा मांगते हैं'
प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा, 'डॉ. मोहन यादव नाम के मुख्यमंत्री बचे हैं. प्रदेश में सर्वे हो जाए तो पता चलेगा कि वो अनरिलेवेंट हो चुके हैं. मध्य प्रदेश में 20 से अधिक बच्चे जहरीली कोल्ड सिरप दवा पीकर मर गए, लेकिन मुख्यमंत्री स्वास्थ्य मंत्री से न पूछते हैं, न इस्तीफा मांगते हैं. स्वास्थ्य व्यवस्था वेंटिलेटर पर है. एमवाय अस्पताल में नवजातों को चूहे कुतरते हैं, फिर भी कोई जिम्मेदार नहीं.'
'पूरा इंदौर दूषित पानी पी रहा'- PCC अध्यक्ष
पटवारी ने इंदौरवासियों से अपील की है कि भागीरथपुरा पीड़ितों का दर्द महसूस करो. आज उनकी मौत हुई, कल आपके घर में हो सकती है... हमारे घरों में हो सकती है. पूरा इंदौर दूषित पानी पी रहा है. सवाल न पूछोगे तो जवाब न मिलेगा. जागरूक इंदौर जागरूकता दिखाए. केंद्र सरकार धृतराष्ट्र बनी कौरव शासन को संरक्षण दे रही है.
'...कांग्रेस इंदौर बंद करवाएगी'
एनजीटी सर्वे के हवाले से पटवारी ने कहा, 'मध्य प्रदेश में 70% पानी पीने योग्य नहीं बचा. नदियां दूषित हो रही हैं, लेकिन भाजपा आंखें मूंदे है. विकास के नाम पर विनाश हो रहा है. भागीरथपुरा में मानव त्रासदी नहीं, नरसंहार हुआ. पीड़ितों को न्याय न मिला तो कांग्रेस इंदौर बंद करवाएगी. इसमें सामाजिक संगठन और जनता भी शामिल होंगे. भाजपा के अहंकारी कौरव शासन को उखाड़ फेंकेंगे.
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