दुष्कर्म से बचने के लिए चिल्ला रहा था 6 साल का मासूम, आरोपी पड़ोसी ने मार डाला 

मध्य प्रदेश के हरदा में छह वर्षीय मासूम की मौत के मामले में पुलिस ने पड़ोसी आरोपी को गिरफ्तार किया. दो साल से बंद पड़े पुराने सरकारी स्कूल से मासूम का शव मिलने के बाद सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों से पुलिस ने वारदात का खुलासा किया.

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Harda Child Murder Case: मध्य प्रदेश के हरदा जिले में छह साल के मासूम की मौत के मामले में पुलिस ने जो सच्चाई सामने लाई, उसने पूरे इलाके को झकझोर दिया. दो दिनों से बंद पड़े एक पुराने सरकारी स्कूल से मासूम का शव मिलने के बाद पुलिस ने जांच तेज की और इस वारदात के पीछे के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस का कहना है कि आरोपी पीड़ित परिवार का ही पड़ोसी था, जिसने बच्चे को बहला-फुसलाकर वारदात को अंजाम दिया.

मासूम का शव मिलने से फैली सनसनी

हरदा जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के ग्राम सुखरास में बीते गुरुवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब दो साल से बंद पड़े एक खंडहरनुमा स्कूल के कमरे में साढ़े पांच साल के बच्चे का शव मिला. मासूम की मां पहले ही गुजर चुकी थी. पिता अकेले उसका पालन-पोषण कर रहे थे.  

सीसीटीवी फुटेज से मिला सुराग

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंची. जांच के दौरान पुलिस ने आसपास के घरों में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें मासूम को पुरानी स्कूल बिल्डिंग की दिशा में जाते देखा गया. इस फुटेज के आधार पर पुलिस ने पड़ोस में रहने वाले एक युवक बुरा उइके को संदिग्ध मानकर पूछताछ शुरू की.

आरोपी निकला पड़ोसी- पूछताछ में उगला सच

तकनीकी जांच और गवाहों के बयान के आधार पर पुलिस ने बुरा उइके को हिरासत में लिया. पहले तो उसने बहाने बनाए, लेकिन जब पुलिस ने सख्ती और सबूतों के साथ पूछताछ की, तो उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया.

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पुलिस के अनुसार आरोपी ने बताया कि उसने बच्चे को बहला-फुसलाकर स्कूल में बुलाया. वारदात के दौरान बच्चा चिल्लाने लगा, पकड़े जाने के डर से उसने उसका गला दबाकर हत्या कर दी. इसके बाद शव को छिपाने की कोशिश भी की.पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश करने की तैयारी शुरू कर दी है.

गांव में आरोपी का निकाला जुलूस 

पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मामले का खुलासा किया और आरोपी को मीडिया के सामने पेश किया. इसके बाद गांव में आक्रोश इतना बढ़ा कि पुलिस को आरोपी का जुलूस निकालना पड़ा, ताकि लोगों के मन में शांति बनी रहे और पुलिस पर भरोसा लौटे.

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पिता का रो-रोकर बुरा हाल

मासूम की मां के निधन के बाद पिता ही उसका एकमात्र सहारा थे. पिता ने बताया कि बेटा उनसे कुछ देर के लिए बाहर खेलने की बात कहकर निकला था. रात में बेटे का शव देखकर वे पूरी तरह टूट गए. गांव के लोग भी इस हादसे से सदमे में हैं.