Fake IAS Officer: नकली IAS बनकर लगा रहा था लोगों को चूना, अब पुलिस के हत्थे चढ़ा शातिर

देवकर पुलिस ने रोहित कुमार को गिरफ्तार किया गया. आरोपी मूलरूप से उत्तर प्रदेश के करन चौराहा, घोसिया, थाना, सराय अकील, जिला- कौशांबी का रहने वाला है और वह मात्र दसवीं पास है. देवकर में बलराम साहू के घर में वह किराए के मकान में रहता था. यहीं पर उन्होंने लोगों को अपने शासन प्रशासन में ऊंची पहुंच और रौब दिखाकर प्रभावित करता था.

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 Fake IAS Officer: छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में आरोपी देवकर नगर पंचायत में पिछले एक साल से रह रहा रोहित कुमार अपने आप को आईएएस अधिकारी बताकर ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को ठगी का शिकार बनाता था. लोगों को अपना शिकार बनाने के लिए अपने गले में हमेशा आईएएस अधिकारी का आईडी कार्ड लगा कर घूमता रहता था.

आरोपी इतना शातिर था कि वह अपने घर पर फर्जी मोमेंटो मेडल खुद ही बनवाकर उसमें छत्तीसगढ़ शासन जिला कलेक्टर बेमेतरा लिखा कर रखा था, जिसके चलते लोग उसके भ्रम जाल में फंस रहे थे.पुलिस ने फर्जी मोमेंटो मेडल व कार्ड भी बरामद किया.

सुनियोजित तरीके से करता था ठगी

यही वजह है कि आरोपी की बातों से लोग प्रभावित हो जाते थे और वह सुनियोजित तरीके से लोगों को अपनी ठगी का शिकार बनाता था. उसने बाकायदा किराए के दो मकान ले रखे थे. एक को वह कार्यालय की तरह सजा कर रखा था, जिसमें वह खुद के द्वारा बनवाए गए मेडल और मोमेंटो को कार्यालय में सुधार कर रखा था, ताकि लोग उसके भ्रम जाल में फंस जाए. इसके अलावा लोगों के मन में विश्वास पैदा करने के लिए वह अंडरग्राउंड रहकर जमीनी हकीकत को भी जिले की समझने की कोशिश करता था.

ग्रामीण लोगों को ही अपना शिकार बनाया

छत्तीसगढ़ के लोग भोले-भाले होते हैं और सरकारी नौकरी दिलाने और शासकीय नौकरी के भ्रम जाल में बड़ी आसानी से फंस जाते थे. इसी का फायदा आरोपी ने उठाया, उन्होंने ग्राम में भट्ठा निवासी भागचंद कुर्रे को पुलिस में ड्राइवर की नौकरी लगने के नाम पर 85,500, सुनील यादव नामक व्यक्ति को बाइक दिलाने के लिए 12000 व सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर कंडरका चौकी क्षेत्र के एक युवक से भी 35000 रुपये ऐंठ लिए थे.

फर्जीवाड़े का इस तरह हुई खुलासा

देवकर क्षेत्र के रहने वाले जसपाल राजपूत ने भी पुलिस में नौकरी दिलाने के नाम पर एक लाख 65000 नगद लिए थे, लेकिन उसकी पोस्टिंग नहीं दिया, ना ही कोई जानकारी दे रहा था. इससे उसे शक हुआ, तो वह उसके देवकर स्थित घर गया, जहां पर वह पैसे मांगने लगा, तो उसने अपनी फर्जी पोस्टिंग की कहानी सुनाई. इस पर उसे शक हुआ, तो उन्होंने 23 फरवरी को देवकर चौकी पहुंचकर इसकी शिकायत दर्ज कराई. शिकायत के बाद पुलिस की टीम जब उसके घर पहुंची और हिरासत में लेकर उसे कड़ाई से पूछताछ की, तब पूरे मामले का खुलासा कर दिया.

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आरोपी दसवीं पास है और यूपी का रहने वाला है

देवकर पुलिस ने रोहित कुमार को गिरफ्तार किया गया. आरोपी मूलरूप से उत्तर प्रदेश के करन चौराहा, घोसिया, थाना, सराय अकील, जिला- कौशांबी का रहने वाला है और वह मात्र दसवीं पास है. देवकर में बलराम साहू के घर में वह किराए के मकान में रहता था. यहीं पर उन्होंने लोगों को अपने शासन प्रशासन में ऊंची पहुंच और रौब दिखाकर प्रभावित करता था.

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देवकर चौकी प्रभारी अनिल चंद ने बताया कि प्रार्थी की रिपोर्ट पर फर्जी आईएएस बनकर लोगों को ठगने वाले आरोपी रोहित कुमार के खिलाफ पुलिस में भारतीय दंड संहिता की धारा 319(2) के तहत अपराध पंजीकृत कर विवेचना में लिया है.

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