Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले से सामने आया यह मामला जितना चौंकाने वाला है,उतना ही उलझाने वाला भी है. यहां तंत्र-मंत्र के नाम पर की गई ठगी ने बाद में लूट की वारदात का रूप ले लिया और जांच में पता चला कि लूट का शिकार हुआ व्यक्ति खुद पहले ठगी कर चुका था. इस पूरे मामले का पर्दाफाश करने वाली पुलिस का सिर चकरा गया.
पुलिस के अनुसार,कोरबा जिले के तिवरता निवासी विजय कुमार राज ने तंत्र-मंत्र से पैसे दोगुना करने का झांसा देकर चार लोगों से करीब ढाई लाख रुपए लिए थे. उसने दावा किया था कि तांत्रिक क्रिया के जरिए रकम कई गुना बढ़ जाएगी.जब काफी समय बाद भी पैसे नहीं बढ़े तो पीड़ितों को ठगी का एहसास हुआ और उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे.
आरोप है कि विजय ने पैसे लौटाने से इनकार कर दिया,इसी बात से नाराज होकर चारों युवकों ने रतनपुर थाना क्षेत्र के NH-130 पर विजय की कार रोक ली और लूटपाट की घटना को अंजाम दिया.घटना के समय कार में विजय के साथ तीन महिलाएं भी मौजूद थीं. आरोपियों ने महिलाओं के पर्स, मोबाइल फोन और कार लूट ली और फरार हो गए.
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने नाकेबंदी कर जांच शुरू की और लूटी गई कार को मनेंद्रगढ़ से बरामद कर लिया. इसके बाद चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया.पूछताछ के दौरान पूरे मामले का असली सच सामने आया.
जांच में हुआ ये खुलासा
जांच में खुलासा हुआ कि लूट की वजह कोई सामान्य वारदात नहीं,बल्कि पहले हुई ठगी थी. इसके बाद बिलासपुर पुलिस ने लूट के मामले में पीड़ित बने विजय कुमार राज के खिलाफ बिल्हा थाने में भी ठगी की धाराओं में एफआईआर की और लूट के मामले में 4 युवकों पर रतनपुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई है. फिलहाल पुलिस ने लूट और ठगी दोनों मामलों में कार्रवाई शुरू कर दी है,पुलिस का कहना है कि कानून हाथ में लेने वालों और ठगी करने वाले दोनों को बख्शा नहीं जाएगा.
ये भी पढ़ें 29 दिनों से गायब रहे विधायक का चल गया पता, BJP जिला अध्यक्ष ने बताया कब तक लोगों के बीच आएंगे MLA प्रदीप