विज्ञापन

नर्मदा पाइपलाइन टूटी, भीषण जल संकट से परेशान 150 परिवार; पानी की तलाश में दर-दर भटक रहे 

बड़वानी जिले के ग्राम अवल्दा में नर्मदा पाइपलाइन टूटने से 150 परिवार भीषण जल संकट से जूझ रहे हैं. एक सप्ताह से पानी सप्लाई बंद होने के कारण ग्रामीण कुओं, नदी और खेतों से पानी लाने को मजबूर हैं. ट्यूबवेल भी काम नहीं कर रहे हैं.

नर्मदा पाइपलाइन टूटी, भीषण जल संकट से परेशान 150 परिवार; पानी की तलाश में दर-दर भटक रहे 

MP Water Crisis: नर्मदा पाइपलाइन टूटने से बड़वानी जिले के एक गांव में भीषण जल संकट खड़ा हो गया है. हालात ऐसे हैं कि लोग बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं और दूर-दूर से पानी ढोने को मजबूर हैं. करीब 150 परिवारों की परेशानी पिछले एक हफ्ते से लगातार बढ़ती जा रही है. थके-हारे ग्रामीण अब जनसुनवाई से लेकर विधायक तक गुहार लगा रहे हैं, लेकिन अभी तक राहत नहीं मिल पाई है.

पाइपलाइन टूटने से बंद हुई सप्लाई

बड़वानी जिले की ग्राम पंचायत अवल्दा के पुनर्वास स्थल पर नर्मदा पाइपलाइन कई जगह से टूट गई है. इसके कारण पिछले एक सप्ताह से पानी की सप्लाई पूरी तरह बंद पड़ी है. जिन लोगों को रोजाना घर तक पानी मिल जाता था, उन्हें अब हर दिन पानी के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है.

150 परिवारों के सामने खड़ी बड़ी समस्या

इस बसाहट में करीब 150 परिवार रहते हैं. पानी बंद होने से सबसे ज्यादा परेशानी इसी इलाके के लोगों को हो रही है. गर्मी के मौसम में हालात और भी खराब हो गए हैं. पीने के पानी से लेकर रोजमर्रा की जरूरतों तक सब कुछ प्रभावित हो गया है. ग्रामीणों का कहना है कि अब उन्हें मजबूरी में कुओं, नदी और खेतों से पानी लाना पड़ रहा है. महिलाएं और बच्चे डिब्बों और बाल्टियों में पानी भरकर दूर-दूर से लाते हैं. हर दिन यह संघर्ष करना उनकी दिनचर्या बन गया है.

ट्यूबवेल भी नहीं दे पा रहे सहारा

गांव में मौजूद चार ट्यूबवेल भी जल संकट को कम नहीं कर पा रहे हैं. सरपंच धर्मेंद्र मंडलोई के अनुसार, दो ट्यूबवेल का जलस्तर नीचे चला गया है, एक में मोटर का पाइप ही नहीं है और दूसरा बार-बार खराब हो रहा है. ऐसे में वैकल्पिक व्यवस्था भी पूरी तरह नाकाम साबित हो रही है.

जनसुनवाई और विधायक तक पहुंचे ग्रामीण

समस्या से परेशान होकर ग्रामीण अब जिला मुख्यालय की जनसुनवाई में पहुंचे. साथ ही विधायक कार्यालय जाकर भी अपनी शिकायत रखी. उन्हें आश्वासन दिया गया है कि जल्दी ही समस्या का समाधान किया जाएगा, लेकिन फिलहाल लोगों को इंतजार ही करना पड़ रहा है. सिर्फ इंसान ही नहीं, बल्कि पशु भी इस संकट से जूझ रहे हैं. उनके लिए पानी की अलग से कोई व्यवस्था नहीं है. गर्मी में पानी की कमी से पशुओं की हालत भी खराब होती जा रही है.

बुजुर्गों की पीड़ा

गांव की रहने वाली बुजुर्ग गौरी बाई बताती हैं कि पानी की दिक्कत इतनी बढ़ गई है कि हर दिन संघर्ष करना पड़ रहा है. कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है.

पूरी स्टोरी पढ़ें

MPCG.NDTV.in पर मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार,लाइफ़स्टाइल टिप्स हों,या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें,सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com