Bilaspur: आचार संहिता का असर, Diwali में बाजारों से रौनक गायब, दुकानदार को ग्राहकों का इंतजार...
छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव को लेकर आचार संहिता लागू है. प्रदेश में 7 नवंबर को पहले चरण की मतदान हो चुकी है, जबकि दूसरे चरण में वोटिंग 17 नवंबर को होगी. इस बीच दिवाली (Diwali) का त्योहार 12 नवंबर को मनाया जाएगा. इसके लिए देश भर में तैयारियां जोरों-शोरों से चल रही हैं. शहरों में कुम्हारों के चाक पर तेजी से मिट्टी के दीये गढ़े जा रहा हैं. वहीं शहरों में लाइट्स से बाजार सज चुका है. हालांकि छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में दुकानदार को ग्राहकों का इंतजार...
-
Bilaspur: आचार संहिता का असर, Diwali में बाजारों से रौनक गायब, दुकानदार को ग्राहकों का इंतजार...छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव को लेकर आचार संहिता लागू है. प्रदेश में 7 नवंबर को पहले चरण में 20 सीटों पर मतदान हो गया है, जबकि दूसरे चरण में वोटिंग 17 नवंबर को होगी. हालांकि वोटिंग की बीच दिवाली (Diwali) का त्योहार 12 नवंबर को मनाया जाएगा. इधर, मिट्टी की लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति से दीपावली बाजार गुलजार हो गया है. (फोटो क्रेडिट- Durga Prasad Mirdha)
-
Bilaspur: आचार संहिता का असर, Diwali में बाजारों से रौनक गायब, दुकानदार को ग्राहकों का इंतजार...छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में दिपावली पर बाजार गुलजार हो गए हैं. घर सजाने के सामान, रंग-बिरंगी झालरों की दुकानें भी सज गई हैं. हगालांकि इस बार बाजार में रौनक कम देखने को मिल रही है. (फोटो क्रेडिट- Durga Prasad Mirdha)
-
Bilaspur: आचार संहिता का असर, Diwali में बाजारों से रौनक गायब, दुकानदार को ग्राहकों का इंतजार...बिलासपुर में दिवाली से पहले दुकानदार अपनी दुकान पर रंगोली के रंग बेचने के लिए सजाया है. हालांकि इस बार बाजार में आचार संहिता का असर देखने को मिल रहा है. (फोटो क्रेडिट- Durga Prasad Mirdha)
-
Bilaspur: आचार संहिता का असर, Diwali में बाजारों से रौनक गायब, दुकानदार को ग्राहकों का इंतजार...घरों में साज सज्जा, लाइटिंग, मिट्टी के दिये आदि से चारों तरफ बाजार सज गए हैं, लेकिन इसे खरीदने के लिए ग्राहक की भीड़ इस बार कम आ रही है. (फोटो क्रेडिट- Durga Prasad Mirdha)