इंदौर के 11 साल के सुमेध श्रीवास्तव ने इंदौर और मध्य प्रदेश के साथ पूरे देश को गर्व से भर दिया है. महज 11 साल की उम्र में नन्हे सुमेध ने भारत के लिए 'वर्ल्ड अर्निस चैंपियनशिप 2026' में सिल्वर मेडल जीतकर देश का नाम रोशन किया है. भारत की राजधानी दिल्ली में 1 से 4 अगस्त तक आयोजित इस चैंपियनशिप में इंदौर के सुमेध का चयन भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए हुआ था. इस प्रतियोगिता में दुनिया के कई देशों के खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया.
सुमेध श्रीवास्तव ने अब तक 40 से अधिक मेडल जीते.
तीन साल की उम्र से कराटे का प्रशिक्षण
एनडीटीवी से बातचीत में सुमेध के पिता ने बताया कि साढ़े तीन साल की उम्र से ही उन्होंने अपने बेटे का कराटे प्रशिक्षण शुरू करवा दिया था. वर्तमान में वह कराटे में ब्लैक बेल्ट हैं और राज्य व राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में 40 से भी अधिक मेडल जीत चुके हैं. अपने बेटे में फुर्ती और कुछ कर गुजरने के जज्बे को देखते हुए छोटी सी उम्र में ही अर्निस खेल की तैयारी भी शुरू करवा दी थी. यह अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता भारत में पहली बार आयोजित की गई, जिसमें उन्होंने सिल्वर मेडल हासिल किया.
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indore 11 year old sumedh shrivastava wins silver world arnis championship 2026
सबसे बड़ी ताकत स्पीड, स्टैमिना और तकनीक
वहीं उनके कोच सईद आलम बताते हैं कि इस खेल में सबसे बड़ी ताकत स्पीड, स्टैमिना और तकनीक है, जबकि संतुलन भी एक बेहद महत्वपूर्ण पहलू है. खेल के बारे में जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि फिलीपींस के पारंपरिक मार्शल आर्ट को 'अर्निस' (Arnis) कहा जाता है, जिसमें लकड़ी की छड़ी और चाकू जैसे हथियारों की तकनीक के साथ-साथ बिना हथियार के आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया जाता है. भारत में यह खेल तेजी से लोकप्रिय हो रहा है और इसकी राष्ट्रीय व राज्य स्तरीय प्रतियोगिताएं नियमित रूप से आयोजित की जा रही हैं.